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'चांद मेरा दिल' पहले ही दिन पड़ी फीकी, इन 3 वजहों से हिट नहीं हो पाई फिल्म

लक्ष्य लालवानी और अनन्या पांडे की रोमांटिक मूवी 'चांद मेरा दिल' को दर्शकों का फीका रिस्पॉन्स मिला है।

lakshya lalwani and ananya panday

लक्ष्य लालवानी और अनन्या पांडे, Photo Credit: Social Media

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लक्ष्य लालवानी और अनन्या पांडे की फिल्म 'चांद मेरा दिल' सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। दोनों पहली बार किसी प्रोजेक्ट में साथ में काम कर रहे हैं। दोनों की ऑन स्क्रीन केमिस्ट्री दर्शकों को खूब पसंद आई है लेकिन इसके बावजूद सिनेमाघरों में भीड़ देखने को नहीं मिली। फिल्म को दर्शकों की मिली जुली प्रतिक्रिया मिली है। यह एक इंटेंस लव स्टोरी है। फिल्म के ट्रेलर ने दर्शकों का ध्यान खींचा था। इस फिल्म के प्रोड्यूसर करण जौहर है।

 

करण के साथ लक्ष्य की यह पहली फिल्म है। इससे पहले उनकी 'किल' और 'बैड्स ऑफ बॉलीवुड' रिलीज हुई थी जिसमें उनकी दमदार ऐक्टिंग की खूब तारीफ हुई थी। 'चांद मेरा दिल' 22 मई को रिलीज हुई। फिल्म को ओपनिंग डे पर 3.65 करोड़ रुपये का बिजनेस किया था। ओपनिंग डे पर फिल्म को स्लो रिस्पॉन्स मिला है। दूसरे दिन फिल्म ने 3 करोड़ का बिजनेस किया है। दो दिनों में फिल्म ने कुल मिलाकर 6. 65 करोड़ रुपये का बिजनेस किया है। फिल्म का बजट करीब 40 करोड़ रुपये है। लक्ष्य और अनन्या की दमदार ऐक्टिंग के बावजूद फिल्म को लेकर बज क्यों नहीं है?

 

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'चांद मेरा दिल' को लेकर बज क्यों नहीं ?

बोरिंग स्टोरीलाइन

'चांद मेरा दिल' में लक्ष्य ने आरव और अनन्या ने चांदनी का रोल प्ले किया है। दोनों एक-दूसरे से प्यार करते हैं। कॉलेज में पढ़ाई के दौरान चांदनी प्रेग्नेंट हो जाती है। दोनों परिवार के खिलाफ जाकर शादी कर लेते हैं। शादी के बाद दोनों पर करियर, परिवार के साथ एक बेटी की भी जिम्मेदारियां आती है। इस दौरान दोनों का रिश्ता टूट जाता है। आरव अपनी जिंदगी में चांदनी और अपनी बेटी वापस ला सकेगा। इसके लिए आपको फिल्म देखनी होगी।

कहानी में बिखराव

फिल्म की कहानी का फर्स्ट हाफ बंधा हुआ लगता है। दूसरे हाफ में कहानी में बिखराव दिखने लगता है और आखिरी में फिल्म का क्लाइमेक्स पहले ही समझ आ जाता है। फिल्म आखिरी तक लोगों को कहानी से जोड़ नहीं रख पाती है।

 

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गंभीर मुद्दों को ढंग से दिखाया नहीं गया

फिल्म के एक सीन में दिखाया जाता है कि आरव गुस्से में चांदनी को थप्पड़ मार देता है। चांदनी अपने आत्म सम्मान को ऊपर रखते हुए आरव को छोड़कर बेटी के साथ वापस चली जाती है। इस थप्पड़ के बाद चांदनी के बचपन का ट्रॉमा वापिस आ जाता है। उसने अपने माता-पिता के बीच में घरेलू हिंसा देखी थी। उसे लगता है कि उसकी शादी में भी ऐसा ही होगा। इन गंभीर मुद्दों को प्रभावी तरीके से पर्दे पर नहीं दिखाया गया। 


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