logo

मूड

ट्रेंडिंग:

CJI पर जूता फेंकने वाले वकील राकेश किशोर पर बेगलुरु में FIR दर्ज

CJI बीआर गवई पर एडवोकेट राकेश किशोर ने जूता फेंका था। उनका कहना था कि वह सनातन का अपमान नहीं सहेंगे।

Rakesh Kishore and BR Gavai । Photo Credit: Khabargaon

राकेश किशोर और बीआर गवई । Photo Credit: Kabargaon

शेयर करें

google_follow_us

संबंधित खबरें

Advertisement

सुप्रीम कोर्ट में सीजेआई बीआर गवई पर जूता फेंकने वाले वकील पर बेंगलुरु के सौधा पुलिस स्टेशन में एक FIR दर्ज की गई है। FIR के अनुसार, यह घटना 6 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट के कोर्ट हॉल नंबर 1 में सुबह 11 बजे से शाम 5 बजे के बीच हुई। आरोपी वकील का नाम राकेश किशोर है, जिन्होंने भारत के मुख्य न्यायाधीश बी.आर. गवई और जस्टिस के. विनोद चंद्रन की बेंच की ओर जूता फेंका था।

 

FIR मंगलवार शाम को विधान सौधा पुलिस स्टेशन में दर्ज की गई। यह शिकायत अखिल भारतीय अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष भक्तवचल, जो 73 साल के हैं, ने लिखित रूप में दी थी। एक अधिकारी ने बताया, 'यह एक जीरो FIR है, क्योंकि घटना पुलिस स्टेशन के क्षेत्र से बाहर हुई। इसे क्राइम नंबर ZERO-0001/2025 के रूप में दर्ज किया गया है।'

 

यह भी पढ़ें- पंजाबी सिंगर राजवीर जवंदा का निधन, 11 दिन से अस्पताल में थे भर्ती

कई धारा में मामला दर्ज

FIR में भारतीय न्याय संहिता (BNS), 2023 की धारा 132 और 133 के तहत मामला दर्ज किया गया है। ये धाराएं किसी सरकारी कर्मचारी को ड्यूटी से रोकने के लिए हमला करने या आपराधिक बल प्रयोग करने और किसी की बेइज्जती करने से संबंधित हैं।

 

शिकायत में अधिवक्ता संघ ने इस घटना की कड़ी निंदा की और इसे 'गंभीर घटना' बताया, जो न्यायपालिका की गरिमा के खिलाफ है। शिकायत में कहा गया, 'जब यह घटना देश के सर्वोच्च न्यायालय, यानी भारत के मुख्य न्यायाधीश के सामने हुई, तो राकेश किशोर का यह कृत्य न तो माफ करने योग्य है और न ही स्वीकार्य है। यह कृत्य दंडनीय है।'

एफआईआर दिल्ली ट्रांसफर

संघ ने इसे राष्ट्रीय मुद्दा बताते हुए पुलिस से तुरंत कार्रवाई करने की मांग की। शिकायत में कहा गया, 'यह गंभीर घटना है, जिसे गंभीरता से लेना चाहिए और दोषी को कानून के अनुसार सजा देनी चाहिए। पुलिस को तुरंत FIR दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार करना चाहिए और न्यायपालिका की छवि की रक्षा करनी चाहिए।'

 

यह भी पढ़ें- 'कांतारा: चैप्टर 1' ने पार किया 400 Cr का आंकड़ा, तोड़े ये रिकॉर्ड

 

FIR दर्ज करने के बाद, विधान सौधा पुलिस ने मामले को नई दिल्ली के तिलक मार्ग पुलिस स्टेशन को स्थानांतरित कर दिया, क्योंकि सुप्रीम कोर्ट उसी क्षेत्र में आता है।

 

Related Topic:#BR Gavai

और पढ़ें