NEET
-UG 2026 पेपर लीक मामले को लेकर हुए छात्र आंदोलन पर भारतीय जनता पार्टी (BJP) सांसद
कंगना रनौत
की टिप्पणियों के बाद सियासी बयानबाजी तेज हो गई है।
कॉकरोच जनता पार्टी
(CJP) ने कंगना के बयानों पर पलटवार करते हुए कहा कि उन्हें उनकी अपनी पार्टी के नेता भी गंभीरता से नहीं लेते। पार्टी के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने कहा कि जब उनकी ही पार्टी उन्हें गंभीरता से नहीं लेती तो उनकी टिप्पणियों पर प्रतिक्रिया देने का कोई कारण नहीं है।
कंगना रनौत ने अपने इंस्टाग्राम पर दो लंबी स्टोरी शेयर कीं। इनमें उन्होंने CJP के छात्र प्रदर्शनकारियों के साथ-साथ युवाओं पर भी तंज कसा। देखते ही देखते उनकी ये पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। इसके बाद CJP के प्रवक्ता सौरव दास का भी इस मामले पर बयान सामने आया।
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कंगना रनौत पर क्या बोले सौरव दास?
CJP के मुख्य प्रवक्ता सौरव दास ने BJP सांसद कंगना रनौत के बयान पर कहा, 'कंगना रनौत को उनकी अपनी पार्टी के लोग ही ज्यादा गंभीरता से नहीं लेते तो हम क्यों लें? मुझे नहीं लगता कि Gen Z, Gen Alpha या नई पीढ़ी का कोई भी व्यक्ति उनकी बातों को गंभीरता से लेता है या उन पर ध्यान देता है। अब वह एक राजनेता हैं। जब वह हिमाचल प्रदेश में अपने संसदीय क्षेत्र के दौरे पर गई थीं तब उनका एक वीडियो सामने आया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि उन्हें लगा था कि सांसद का काम बहुत कम होगा लेकिन बाद में एहसास हुआ कि सांसद होना बहुत मेहनत का काम है। इससे ही पता चलता है कि वह खुद अपनी जिम्मेदारियों को कितनी गंभीरता से लेती हैं।'
कंगना ने बोला था 'जनरेशन गटर'
कंगना रनौत ने NEET पेपर लीक के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे छात्रों की भाषा और सोशल मीडिया पोस्ट की कड़ी आलोचना की थी। उन्होंने जंतर-मंतर समेत अन्य जगहों पर हुए प्रदर्शनों की तस्वीरों और वीडियो को घन पैदा करने वाला बताया था। साथ ही प्रदर्शनकारियों की परवरिश पर सवाल उठाते हुए कहा था कि उन्होंने पहले कभी इतनी अभद्र भाषा और व्यवहार नहीं देखा।
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कंगना रनौत ने प्रदर्शन में शामिल कुछ युवाओं खासकर महिलाओं को लेकर भी विवादित टिप्पणी की थी। उन्होंने कुछ प्रदर्शनकारियों को जनरेशन गटर कहा और आरोप लगाया कि वे नशे और दिखावे की संस्कृति को बढ़ावा देते हैं। इसके अलावा उन्होंने कहा कि ऐसे युवा पढ़ाई में भी गंभीर नहीं हैं और माता-पिता की कमाई पर निर्भर रहते हैं। इन टिप्पणियों के बाद साशल मीडिया पर तीखी बहस शुरू हो गई, जबकि विपक्षी दलों और CJP ने कंगना के बयानों की आलोचना करते हुए उन्हें छात्रों का अपमान बताया।