logo

मूड

ट्रेंडिंग:

'24 घंटे मे डिलीट कर देंगे', गौरव भाटिया मानहानि केस में कोर्ट में क्या हुआ?

बीजेपी के प्रवक्ता गौरव भाटिया की याचिका पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने CJP के सौरव दास को विवादित पोस्ट हटाने के लिए कहा। सौरव दास ने 24 घंटे के अंदर पोस्ट हटाने का आश्वासन दिया।

Gaurav Bhatia and CJP leaders

गौरव भाटिया, सौरव दास और आशुतोष रांका, Photo Credit: AI

शेयर करें

google_follow_us

संबंधित खबरें

Advertisement

भारतीय जनता पार्टी प्रवक्ता गौरव भाटिया  और कॉकरोच जननता पार्टी के सदस्यों के बीच सोशल मीडिाय पर शुरू हुई लड़ाई अब कोर्ट तक पहुंच गई है। गौरव भाटिया ने CJP के सौरव दास के खिलाफ मानहानि याचिका दिल्ली हाईकोर्ट में दायर की थी, जिस पर गुरुवार को सुनवाई हुई। कोर्ट में CJP के प्रवक्ता सौरव दास और आशुतोष रांका ने गौरव भाटिया के खिलाफ एआई से बने विवादित पोस्ट सोशल मीडिया से हटाने की बात कही। उन्होंने कोर्ट में कहा की दोनों विवादित पोस्ट 24 घंटे में हटाए जाएंगे। 

 

इस मामले पर सुनवाई के दौरान कोर्ट ने कहा कि आप सभी युवा हैं और विरोध के और भी तरीके हैं, लेकिन बिना वेरिफाई किए इंटरनेट मीडिया पर ऐसे पोस्ट करना उचित नहीं है। जस्टिस तुषार राव गेडेला ने कहा कि अपनी बात और चिंता रखना सही है लेकिन सोशल मीडिया पर इस तरह का कंटेट डालने से बचना चाहिए। 

 

यह भी पढ़ें: हिमाचल के 11 औषधीय पौधों से बढ़ेगा कारोबार, 27 हजार करोड़ की संभावना

 

क्या है पूरा विवाद?

CJP के प्रवक्ता सौरव दास ने 5 सितंबर को अपने सोशल मीडिया अकाउंट पर एक ग्राफिक्स शेयर किया था जिसमें गौरव भाटिया की विवादित तस्वीर दिखाई गई थी। यह पोस्ट बीते दिनों चर्चा में रहे निशू आजाद के मामले से जुड़ा हुआ था। इसी से जुड़ा एक पोस्ट सौरव दास ने शेयर किया था जिसमें कई बातें लिखी गई थीं। हालांकि, बाद में गौरव भाटिया ने इस तरह का बयान ना देने की बात कही और पोस्ट को फर्जी बताया। आशुतोष रांका ने इसी पोस्ट को शेयर किया था। 

 

इस पूरे विवाद में गौरव भाटिया ने CJP के नेताओं के खिलाफ कोर्ट जाने का फैसला किया। उन्होंने कोर्ट में CJP के नेताओं के खिलाफ 2 करोड़ का मानहानि केस किया। इसके साथ ही पोस्ट को दोबारा शेयर करने पर रोक लगाने की मांग भी की। 

कोर्ट में क्या हुआ?

कोर्ट में सौरव दास के वकील ने बताया कि विवादित ट्वीट पहले ही डिलीट किया जा चुका है। इस पर कोर्ट ने कहा कि एक और पोस्ट भी शेयर की गई थी। कोर्ट की सलाह पर सौरव दास और आशुतोष रांका ने पोस्ट डिलीट करने पर सहमति जताई। कोर्ट ने उनसे कहा कि वे युवा हैं और उनके सामने कई दूसरे काम हैं। ऐसे में उन्हें अपना समय कोर्ट में नहीं लगाना चाहिए। 

 

वहीं, दूसरी तरफ गौरव भाटिया इस मामले में खुद कोर्ट में पेश हुए। उन्होंने कहा कि उनकी तस्वीर के साथ फर्जी बयान लगाया गया और इसे ऐसे पेश किया गया, जैसे बयान उन्होंने ही दिया हो। उन्होंने यह भी दावा किया कि इस विवादित पोस्ट को लाखों लोगों ने देखा, जिससे उनकी छवि को नुकसान पहुंचा है। 

 

यह भी पढ़ें: बिहार में खेती को मिलेगा नया सहारा, 4,415 करोड़ से सुधरेगी सिंचाई

सुनवाई के बाद क्या बोले?

कोर्ट में सुनवाई के बाद दोनों ही पक्षों ने फिर से सोशल मीडिया पर अपना-अपना पक्ष रखा। गौरव भाटिया ने अपनी पोस्ट में इसे अपनी जीत बताया। उन्होंने अपनी पोस्ट में सत्यमेव जयते के साथ अपनी तस्वीर शेयर कि और बताया कि इस मामले में कोर्ट ने अभिजीत दिपके को भी समन जारी किया है। 

 

 

CJP के सौरव दास ने भी सोशल मीडिया पर अपना पक्ष रखा। उन्होंने बताया कि कोर्ट के सुझाव पर उन्होंने और आशुतोष रांका ने गौरव भाटिया के खिलाफ किए गए पोस्ट को डिलीट कर दिया है। उन्होंने बताया कि गौरव भाटिया ने उनके खिलाफ डायनेमिक इंजंक्शन की मांग की थी लेकिन कोर्ट ने उसे खारिज कर दिया। सौरव दास ने यह भी कहा कि कोर्ट ने गौरव भाटिया को यह भी सलाह दी कि कोर्ट का रुख करने के बजाय इस मामले को आपसी बातचीत से सुलझाया जा सकता था, लेकिन उन्होंने इस प्रस्ताव को स्वीकार नहीं किया।


और पढ़ें