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'रिसेप्शन पर बैठे-बैठे जल गई लड़की', मालवीय नगर हादसे की दर्दनाक कहानी

दिल्ली के मालवीय नगर में हुए दर्दनाक अग्निकांड में कई लोगों की जान चली गई है। इस हादसे में होटल की रिसेप्शन पर बैठी लड़की भी जल गई और उसे उसी हालत में बाहर निकाला गया।

Delhi fire

प्रतीकात्मक तस्वीर, Photo Credit: ChatGPT

दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल में लगी भीषण आग में 21 लोगों की जान चली गई। इस हादसे में मरने वाले लोगों में कई विदेशी लोग भी शामिल हैं। एक परिवार के तो सभी 8 लोग इस दर्दनाक हादसे में मारे गए। उन्होंने अपने एक परिजन को फोन करके आग लगने के दौरान ही बोला था कि अब शायद वह लोग जिंदा नहीं बचेंगे। आग लगने की घटना सामने आने के बाद बचाव में लगे लोगों ने कई लोगों को सुरक्षित बचा लिया। पास में एक गद्दे की दुकान वाले ने गद्दों को बिछा दिया जिसपर होटल की खिड़कियों से लोग कूदे, लेकिन कुछ लोगों को नहीं बचाया जा सका। इनमें होटल की रिसेप्शन पर बैठी एक लड़की भी शामिल थी। 

 

होटल के सामने गद्दे क दुकान करने वाले अरमान खान ने बताया कि फायर ब्रिगेड की गाड़ियों ने जब आग पर काबू पा लिया तो वह लोग अंदर जा पाए। 10-12 लोगों ने घायलों को निकालने की कोशिश की। उन्होंने कहा, 'धुंए में दम घुटने की वजह से अंदर कई लोग बेहोश पड़े थे। उन्हें चादरों में लपेटकर बाहर लाया गया।'

 

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रिसेप्शन पर बैठी रह गई लड़की

बचाव कार्य में लगे आमिर खान ने बताया कि ग्राउंड फ्लोर और फर्स्ट फ्लोर पर भयंकर आग लगी थी। उन्होंने कहा, 'आग बुझने के बाद भी मंजर इतना भयानक था कि कमजोर दिल वाला इंसान अंदर का हाल नहीं देख सकता। अंदर इतना धुंआ भरा था कि सांस लेना मुश्किल था।'

 

उन्होंने बताया कि फर्स्ट फ्लोर के रिसेप्शन पर बैठी लड़की उन्हें उसी हालत में जली हुई मिली। उन्होंने बताया कि उन्होंने इस आग से करीब 40 लोगों को बाहर निकाल। इनमें कुछ लोगों की तो जान चली गई थी। कई लोगों को सीपीआर देकर अस्पताल भेजा गया। 

दो लाख के गद्दे बिछाए

इस हादसे में स्थानीय लोगों ने बचाव कार्य में काफी मदद की। पास में मौजूद गद्दे की दुकान से गद्दे उठाकर होटल की खिड़की के नीचे बिछाए गए। इस खिड़की से कई लोग नीचे कूदे और करीब 8 लोगों को सुरक्षित बचा लिया गया।  गद्दे की दुकान वाले ने कहा, ''मुझे करीब दो लाख रुपये का नुकसान हुआ। हमने मृतकों और घायलों को बाहर निकालने के लिए चादरें भी दीं। रजाइयों के कवर भी दिए। हमारे पास जो भी सामान था, हमने मानवता के नाते सब दे दिया। हिंदू-मुसलमान से ऊपर इंसानियत है। हम सब हिंदुस्तानी हैं। जरूरतमंद लोगों की मदद करना मेरा फर्ज था।'

 

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कई विदेशी भी शिकार 

इस हादसे में कई विदेशी नागरिकों की भी मौत हुई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, मृतकों में बांग्लादेश, अफगानिस्तान, नाइजीरिया, मोजाम्बिक, सोमालिया और लाइबेरिया के नागरिक शामिल हैं। विदेशी नागरिकों की मौत के कारण अब प्रशासन दूतावासों के संपर्क में भी है। 

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