समाजवादी पार्टी के मुखिया
अखिलेश यादव
ने रविवार को राजधानी लखनऊ में पार्टी कार्यालय पर अवंतीबाई लोधी की जयंती एक कार्यक्रम को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने पहली बार राष्ट्रीय लोक दल (RLD) के अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी के ऊपर निशाना साधते हुए तंज कसा।
अखिलेश यादव ने इसी कार्यक्रम में बोलते हुए पिछले चुनाव के दौरान आरएलडी के साथ किए गए गठबंधन को लेकर पछतावा किया। उन्होंने कहा कि हम लोगों ने ऐसे किए कि ना जाने कहां-कहां से गठबंधन वाले आ गए थे।
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'हम लोगों ने चवन्नी का रूपया बना दिया'
पूर्व मुख्यमंत्री ने जयंत चौधरी को लेकर कहा, 'हम लोगों ने ऐसे किए कि ना जाने कहां-कहां से गठबंधन वाले आ गए थे। हम लोगों ने चवन्नी का रूपया बना दिया, फिर भी हमें छोड़कर चलें गए।'
मैं कोई चवन्नी हूं जो पलट जाऊंगा'
दरअसल, जनवरी 2022 में यूपी चुनाव से ठीक पहले जयंत चौधरी की राष्ट्रीय लोक दल का समाजवादी पार्टी के साथ गठबंधन था। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में जाट वोटों को देखते हुए बीजेपी भी जयंत को अपने पाले में लाने के प्रयास कर रही थी। इसी के जवाब में जयंत चौधरी ने कहा था, 'मैं कोई चवन्नी हूं जो पलट जाऊंगा।'
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एकदम से पलटे थे जयंत चौधरी
बता दें कि 2022 के विधानसभा चुनाव में जयंत चौधरी सपा के साथ गठबंधन में रहकर 33 सीटों पर चुनाव लड़े थे। चुनाव बाद उनकी पार्टी 8 सीट ही जीत सकी थी। इसके बाद अखिलेश यादव की पार्टी सपा ने अपने विधायक जयंत चौधरी को देकर राज्यसभा सांसद बनवाया था। लेकिन राज्यसभा सांसद बनते ही जयंत बीजेपी में शामिल हो गए थे। बाद में बीजेपी ने उन्हें मोदी सरकार में मंत्री बनाया।