भारतीय टीम इंग्लैंड के खिलाफ निर्णायक तीसरे वनडे मैच के लिए जब रविवार को लॉडर्स के मैदान पर उतरेगी तो पूरे क्रिकेट जगत की नजरें 'हिटमैन'
रोहित शर्मा
पर होंगी। संन्यास की अटकलों के बीच BCCI ने साफ तौर पर कहा है कि यह रोहित के कैरियर का आखिरी इंटरनेशनल मैच नहीं होगा लेकिन पहले दो मैचों में नाकाम रहे भारत के पूर्व कप्तान खुद को साबित जरूर करना चाहेंगे।
फ्रंटफुट पर बेहतरीन पूल शॉट खेलने और स्पिनरों को मैदान के चारों ओर खेलने वाले रोहित इस सीरीज में उस लय में नहीं दिखे हैं, जिससे इन अटकलों को बल मिला कि 39 साल का यह दिग्गज अगले साल साउथ अफ्रीका में होने वाला वनडे वर्ल्ड कप नहीं खेल सकेगा। पिछले मुकाबले में कार्डिफ की कठिन पिच पर रोहित ने 9 डॉट गेंदें खेली और फिर वह आउट हो गए थे।
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रोहित का दिखेगा नया अवतार?
क्रिकेट का मक्का कहे जाने वाले लॉडर्स पर बल्लेबाजों की मददगार पिच पर शायद उन्हें लय हासिल करने में मदद मिले। बतौर कप्तान रोहित ने सामने से अगुवाई करते हुए हमेशा पावरप्ले में जोखिम भरे शॉट्स खेले हैं। उनके फैंस रविवार को उसी रोहित को देखना चाहते हैं। पहले दस ओवर में उन्हें जोफ्रा आर्चर की तूफानी गेंदों का सामना करना होगा। कप्तान
शुभमन गिल
भी बड़ी पारी खेलना चाहेंगे। वह सोफिया गार्डंस पर आसानी से आउट हो गए थे।
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पिछली हार का बदला लेगी टीम इंडिया?
विराट कोहली
का शानदार फॉर्म बरकरार है। वह कार्डिफ में अपने दूसरे वनडे शतक की ओर बढ रहे थे लेकिन आर्चर की गेंद पर आउट हो गए, जिसके बाद भारत का मिडिल ऑर्डर ढह गया और टीम को हार का सामना करना पड़ा। अब भारतीय टीम उससे सबक लेकर उतरेगी। केएल राहुल की जगह उतरे ईशान किशन शॉर्ट गेंद पर विकेट गंवा बैठे। उछलती गेंदों के सामने भारतीय बल्लेबाजों की कमजोरी जगजाहिर है।
श्रेयस अय्यर ने कार्डिफ में अच्छी पारी खेली और आदिल रशीद के साथ स्पिनरों का बखूबी सामना किया। गेंदबाजी में कुलदीप यादव को उतारा जा सकता है, क्योंकि वॉशिंगटन सुंदर चोटिल हैं।
रवींद्र जडेजा
की गैर मौजूदगी में अक्षर पटेल ने स्पिन हरफनमौला का काम अच्छे से किया है। भारतीय गेंदबाजों को जो रूट के बल्ले पर अंकुश लगाना होगा जो कोहली की तरह रन बनाए जा रहे हैं। रूट के अलावा इंग्लैंड के बाकी बल्लेबाजों ने कुछ खास नहीं किया है।