महाराष्ट्र के पुणे से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। 24 अगस्त को एक शख्स की हत्या के मामले में अब खुलासा हुआ है कि उसके ही मां-बाप ने उसे मार डाला। वजह यह थी कि वह सावन के महीने में नॉनवेज खाने की जिद कर रहा था। अब पुलिस ने गुरुवार को उशके माता-पिता को गिरफ्तार कर लिया है। बताया गया है कि युवक के पिता ने अपने बेटे के सिर पर हमला किया था और उसकी मां ने सबूत छिपाने में मदद की थी। इससे पहले दोनों में बहस हुई थी क्योंकि मां-बाप ने उसे सावन में मटन खाने से रोक दिया था।
रिपोर्ट के मुताबिक, 30 साल के महेश की शादी 10 साल पहले हुई थी। वह कोई काम-धाम नहीं करता था। काम ना करने, रोज शराब पीने और झगड़ा करने के तंग आकर उसकी पत्नी उसे छोड़कर अपने मायके चली गई थी। तब से ही उसका झगड़ा मां-बाप से होता था और अक्सर वह शाम को शराब पीकर ही घर आता था।
यह भी पढ़ें: नेपाल-तिब्बत में अब तक 392 की मौत, दूसरी झील फिर से लाएगी तबाही?
क्यों ले ली जान?
पुणे के पुलिस उपायुक्त सागर कवाडे ने बताया कि यह घटना 24 अगस्त को वारजे इलाके में हुई और मृतक की पहचान महेश भगवत गायकवाड़ के रूप में हुई है। उन्होंने बताया कि दिहाड़ी मजदूर के रूप में काम करने वाला महेश नियमित रूप से शराब पीता था और अपने माता-पिता भगवत गायकवाड़ (64) तथा पार्वती गायकवाड़ (60) से रोज झगड़ा करता था। महेश के भाई की ओर पुलिस में दी गई शिकायत के अनुसार, वह 24 अगस्त की रात शराब के नशे में घर आया और उसने रात के खाने में मांसाहारी खाने (मटन) की मांग की। उसके पिता ने श्रावण महीने का हवाला देते हुए मांसाहारी भोजन देने से इनकार कर दिया।
यह भी पढ़ें: जिस आरक्षण को हटाने के लिए आंदोलन हो रहा, भारत में उसके आने की कहानी क्या है?
शिकायत के अनुसार, इसके बाद दोनों के बीच तीखी बहस हुई और भगवत ने अपने बेटे के सिर पर कथित तौर पर प्रहार किया, जिससे उसकी मौत हो गई। पुलिस के अनुसार, महेश की मां ने सबूत नष्ट करने में अपने पति की कथित तौर पर मदद की। अधिकारी ने बताया कि भगवत गायकवाड़ और उनकी पत्नी दोनों को गिरफ्तार कर लिया गया है और मामले की आगे की जांच जारी है।