उत्तर प्रदेश के इटावा के मौलाना जरजिस के कथित बयानों को लेकर शुक्रवार को राजधानी लखनऊ में विरोध प्रदर्शन हुआ। भारतीय गौ सेवा संगठन के कार्यकर्ताओं ने हजरतगंज चौराहे पर प्रदर्शन कर मौलाना के खिलाफ कार्रवाई और मुकदमा दर्ज करने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने भगवान शिव और भगवान कृष्ण को लेकर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने का आरोप लगाते हुए मौलाना का पुतला फूंका।
शुक्रवार दोपहर करीब 12:30 बजे भगवा झंडे लेकर कार्यकर्ता हजरतगंज चौराहे पर पहुंचे। इस दौरान उन्होंने ‘मौलाना जरजिस मुर्दाबाद’ और ‘मौलाना को जेल भेजो’ के नारे लगाए। करीब 15 मिनट तक चले प्रदर्शन के दौरान कार्यकर्ताओं ने मौलाना के पुतले को जूतों से पीटा और बाद में उसे आग के हवाले कर दिया। पुलिस की मौजूदगी में प्रदर्शन समाप्त हुआ।
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शिव और कृष्ण पर टिप्पणी का आरोप
भारतीय गौ सेवा परिषद के अध्यक्ष देवेंद्र तिवारी ने आरोप लगाया कि मौलाना जरजिस लगातार सनातन धर्म और हिंदू देवी-देवताओं को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणियां कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि सावन के महीने में भगवान शिव को लेकर की गई कथित टिप्पणी से श्रद्धालुओं में आक्रोश है।प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि मौलाना ने भगवान शिव और भगवान कृष्ण को लेकर ऐसी बातें कही हैं, जिन्हें हिंदू समाज की धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने वाला माना जा रहा है। प्रदर्शनकारियों ने कथित बयान पर तत्काल कार्रवाई की मांग की।
प्रदर्शनकारियों ने मौलाना जरजिस को इटावा से लखनऊ लाकर कार्रवाई करने की मांग की। संगठन की ओर से मौलाना के खिलाफ तहरीर देकर मुकदमा दर्ज कराने की बात भी कही गई।प्रदर्शन के दौरान एक कार्यकर्ता ने मौलाना पर विपक्ष के संरक्षण में होने का आरोप भी लगाया, हालांकि इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
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‘कार्रवाई नहीं हुई तो पूरे प्रदेश में आंदोलन’
प्रदर्शनकारियों ने कहा कि पुतला जलाकर उन्होंने अपनी नाराजगी जताई है। उनका आरोप है कि उनके आराध्य भगवान शिव और भगवान कृष्ण का अपमान किया गया है। कार्यकर्ताओं ने दावा किया कि मौलाना ने भगवान शिव को लेकर नमाज पढ़ने संबंधी टिप्पणी की और गीता में भी ऐसा लिखे होने की बात कही।कार्यकर्ताओं ने चेतावनी दी कि यदि मौलाना जरजिस के खिलाफ जल्द मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को लखनऊ से आगे पूरे प्रदेश में ले जाया जाएगा। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि इसके लिए प्रदेशव्यापी आंदोलन किया जाएगा।