logo

मूड

ट्रेंडिंग:

अवैध डेयरियां हटाने पहुंची टीम पर हमला, दरोगा को बुरी तरह पीटा

UP की राजधानी लखनऊ में अवैध डेयरियां हटाने गई नगर निगम और पुलिस की टीम पर स्थानीय लोगों ने हमला कर दिया। मारपीट में दरोगा सहित कई लोगों को चोटें भी आईं।

up crime news

दरोगा से मारपीट करता युवक, Photo Credit: Social Media

शेयर करें

google_follow_us

संबंधित खबरें

Advertisement

उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के पारा में अवैध डेयरियों के खिलाफ कार्रवाई करने पहुंची नगर निगम और पुलिस की संयुक्त टीम पर रविवार को अचानक हमला हो गया। टीम डेयरियों से भैंसें हटाने और अवैध संचालन के खिलाफ कार्रवाई के लिए पहुंची थी। कार्रवाई शुरू होते ही कुछ लोगों ने विरोध करते हुए पथराव कर दिया। आरोप है कि हमलावरों ने बुद्धेश्वर चौकी प्रभारी दरोगा विनय पटेल को दौड़ाकर पीटा और लोहे की जंजीर से हमला किया। दरोगा के सिर में छह टांके लगे, जबकि नगर निगम के तीन कर्मचारी भी घायल हुए।

 

इस हमले के बाद प्रशासन ने सख्त रुख अपनाते हुए 12 नामजद और 12 अज्ञात समेत 24 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। दो आरोपी महिलाओं को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। मंगलवार को तीन थानों की पुलिस और एक कंपनी पीएसी की मौजूदगी में चार मोहल्लों से करीब 200 भैंसें हटवाई गईं। नगर निगम जोन-6 की टीम रविवार को पुलिस बल के साथ पारा में अवैध डेयरियों के खिलाफ अभियान चलाने पहुंची थी। पशु कल्याण विभाग की टीम का उद्देश्य नियमों के विपरीत संचालित डेयरियों से भैंसों को हटाना था। टीम ने कार्रवाई शुरू की तो वहां मौजूद लोगों ने इसका विरोध शुरू कर दिया। देखते ही देखते विवाद बढ़ गया और टीम पर पथराव किया जाने लगा।

दरोगा को दौड़ाकर पीटा

पुलिस के मुताबिक, विरोध कर रहे लोगों ने बुद्धेश्वर चौकी प्रभारी विनय पटेल को दौड़ाकर पकड़ लिया और उनके साथ मारपीट की। आरोप है कि दरोगा पर लोहे की जंजीर से भी हमला किया गया। मारपीट में उनकी वर्दी फट गई और वह कीचड़ में गिरकर घायल हो गए। सिर में गंभीर चोट लगने के कारण उन्हें छह टांके लगाए गए। हमले में नगर निगम के कर्मचारी अवधेश कुमार, अभिनव और फुरकान भी घायल हुए। उपद्रव के दौरान नगर निगम के तीन सरकारी वाहनों के शीशे भी तोड़ दिए गए।

 

यह भी पढ़ें: राम मंदिर चढ़ावा चोरी: SIT की जांच में चंपत राय और अनिल मिश्रा को क्लीन चिट

 

मामले में पारा पुलिस ने अबरार, इमरान, सालून, सुबिल, सराफत, अतीक, आशिफ, वारिस, नसीम, रानू, जीशान और नाफिस समेत 12 लोगों को नामजद किया है। इनके अलावा 12 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया गया है।पुलिस ने खुशबू और आफरीन को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। अन्य आरोपियों की तलाश में दबिश दी जा रही है। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगालकर हमले में शामिल अन्य लोगों की पहचान कर रही है।

हमले के बाद भारी पुलिस बल के साथ फिर पहुंची टीम

रविवार की घटना के बाद मंगलवार को नगर निगम ने सुरक्षा व्यवस्था कड़ी करते हुए दोबारा अभियान चलाया। तीन थानों की पुलिस और एक कंपनी पीएसी के जवान मौके पर तैनात किए गए। जवान हेलमेट और बुलेटप्रूफ जैकेट पहनकर कार्रवाई में शामिल हुए।भारी सुरक्षा के बीच नगर निगम की कैटल कैचर टीम ने पारा के चार मोहल्लों में अभियान चलाकर करीब 200 भैंसें हटवाईं। कार्रवाई के दौरान पशु कल्याण अधिकारी डॉ. अभिनव वर्मा, जोन-6 के जोनल अधिकारी अमरजीत यादव और प्रवर्तन टास्क फोर्स की टीम मौजूद रही।

 

यह भी पढ़ें: विदेश मंत्रालय के नाम पर लखनऊ के होटल में दिखाई धौंस, 478 फर्जी ID से खुला खेल

 

घटना के बाद महापौर सुषमा खर्कवाल और नगर आयुक्त गौरव कुमार भी मौके पर पहुंचे। महापौर ने कहा कि जनता की सुरक्षा में तैनात पुलिस पर हमला किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि सरकारी काम में बाधा डालने और पुलिस व नगर निगम की टीम पर हमला करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। महापौर ने कहा कि अवैध डेयरियों के खिलाफ अभियान जारी रहेगा और नियमों का उल्लंघन करने वाले इलाकों में कार्रवाई की जाएगी। पुलिस फरार आरोपियों की तलाश में जुटी है, जबकि नगर निगम ने भी अवैध डेयरियों के खिलाफ अभियान आगे जारी रखने की बात कही है।

Related Topic:#UP News

और पढ़ें