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नेपाल से बिहार में घुसे 11 संदिग्ध, आईबी की रिपोर्ट ने उड़ा दी नींद

आईबी की एक रिपोर्ट ने बिहार में हड़कंप मचा दिया है। इसमें आशंका जताई गई है कि 11 संदिग्ध नेपाल के रास्ते बिहार में दाखिल हो चुके हैं। अब पुलिस ने सभी जिलों को सतर्क किया है।

Nepal-India Border

नेपाल बॉर्डर। (Photo Credit: PTI)

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संजय सिंह, पटना। नेपाल से सटी खुली सीमा एक बार फिर सुरक्षा एजेंसियों के लिए चुनौती बनकर उभरी है। इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) की एक अहम रिपोर्ट ने बिहार पुलिस की नींद उड़ा दी है। रिपोर्ट में आशंका जताई गई है कि 11 संदिग्ध घुसपैठिये नेपाल के रास्ते बिहार में दाखिल हो चुके हैं। इस इनपुट के सामने आते ही पुलिस मुख्यालय से जिलों तक सतर्कता बढ़ा दी गई है।

भंसार प्रकरण के बाद बढ़ी सतर्कता

मामला इसलिए भी गंभीर है, क्योंकि हाल के दिनों में नेपाल बॉर्डर पर भंसार प्रकरण के बाद दोनों देशों के रिश्तों में आई खटास पहले से ही चिंता का कारण बनी हुई है। ऐसे माहौल में घुसपैठ की खबर ने खतरे की घंटी और तेज कर दी है। स्पेशल ब्रांच ने बिना देर किए राज्य के सभी डीएम, एसएसपी और एसपी (रेल सहित) को सख्त एसओपी जारी कर दिया है। 

 

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संदेश साफ है कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी। हर संदिग्ध पर पैनी नजर होगी। जिलों को निर्देश दिया गया है कि हाल के दिनों में आए विदेशी नागरिकों का पूरा ब्योरा खंगाला जाए।

 

होटल, लॉज, गेस्ट हाउस, धर्मशाला, छात्रावास कोई भी ठिकाना अब जांच से बाहर नहीं रहेगा। किरायेदारों और मुसाफिरों का वेरिफिकेशन अनिवार्य कर दिया गया है। पुलिस को साफ कहा गया है कि छोटी से छोटी जानकारी को भी नजरअंदाज न किया जाए।

 

सीमा की खुली प्रकृति को देखते हुए निगरानी का दायरा और बढ़ा दिया गया है। राष्ट्रीय राजमार्गों के टोल प्लाजा पर लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है। संदिग्ध वाहनों और गतिविधियों पर विशेष नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी सुराग को तुरंत पकड़ा जा सके।

रेलवे ने भी बढ़ाई सुरक्षा

रेलवे भी इस हाई अलर्ट का अहम हिस्सा बन गया है। स्टेशनों, प्लेटफॉर्म, रिटायरिंग रूम और कैंटीन तक की निगरानी बढ़ा दी गई है। यात्रियों की जांच तेज कर दी गई है, जिससे किसी भी संदिग्ध की पहचान समय रहते हो सके। इसके साथ ही भीड़भाड़ वाले इलाके बस स्टैंड, टैक्सी स्टैंड, ऑटो स्टैंड, अस्पताल, पार्क और धार्मिक स्थल सभी को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया है। पुलिस मुख्यालय ने स्पष्ट किया है कि संवेदनशील और असुरक्षित क्षेत्रों में किसी भी तरह की चूक बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

 

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मामले की गंभीरता को देखते हुए एटीएस समेत सभी बड़े अधिकारियों आईजी और डीआईजी को भी सक्रिय कर दिया गया है। उन्हें अपने-अपने क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था की लगातार समीक्षा करने और जरूरत पड़ने पर अतिरिक्त कदम उठाने के निर्देश दिए गए हैं।

 

हालांकि एसएसबी पटना के आईजी नीतीश कुमार उज्ज्वल ने ऐसे किसी आधिकारिक पत्र की जानकारी से इनकार किया है, लेकिन उन्होंने यह जरूर कहा कि नेपाल के हालात पर लगातार नजर रखी जा रही है। सीमा पर तैनात जवान पूरी सतर्कता के साथ हर गतिविधि पर नजर बनाए हुए हैं।


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