चंडीगढ़ शहर में यूं तो हर रोज ही कहीं ना कहीं लंगर लगते हैं लेकिन मंगलवार को एक खास लंगर का आयोजन किया गया था। जय माता दी के नाम से एक ग्रुप चलाने वाले व्यक्ति ने मंगलवार को पेट्रोल का लंगर लगाने की बात कही थी। सोशल मीडिया पर इस लंगर को लेकर काफी ज्यादा चर्चा हो रही थी। मंगलवार को फ्री पेट्रोल लेने के लिए बड़ी संख्या में लोग अपने वाहनों के साथ सेक्टर-10 पहुंच गए। देखते ही देखते पेट्रोल पंप के बाहर गाड़ियों की लंबी कतार लग गई और आसपास की सड़कों पर ट्रैफिक जाम होने लगा।
रिपोर्ट्स के अनुसार, पेट्रोल लंगर शाम पांच बजे शुरू होना था, लेकिन लोग करीब साढ़े तीन बजे से ही सेक्टर-10 पहुंचने लगे थे। भीड़ बढ़ने के बाद पेट्रोल पंप के बाहर गाड़ियों की कतार लग गई। भीड़ को देखकर पेट्रो पंप वालों ने पुलिस को फोन कर दिया। पुलिस के पहुंचने पर कुछ देर के लिए भीड़ कंट्रोल हुई लेकिन पुलिस के हटते ही लोग फिर जुटने लगे। इसके बाद लोगों को बताया गया कि पेट्रोल के कूपन लेजर वैली में बांटे जाएंगे। कूपन लेने के लिए बड़ी संख्या में लोग अपने वाहनों के साथ वहां पहुंच गए।
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बारिश के बीच नहीं मिले कूपन
लेजर वैली से मध्यमार्ग की ओर जाने वाली सड़क पर भी गाड़ियों की लंबी कतार लग गई। कुछ लोगों ने अपनी गाड़ी पार्किंग में खड़ी की और कूपन लेने के लिए आगे चले गए। इसी दौरान तेज बारिश शुरू हो गई और आयोजकों के सहयोगियों ने गाड़ी की चाबी देखकर कुछ लोगों को पेट्रोल के कूपन दिए। करीब 200 लोगों की भीड़ के बीच सिर्फ 50 कूपन ही बांटे जा सके थे कि बारिश और तेज हो गई। इसके बावजूद लोग बारिश में अपनी बारी का इंतजार करते रहे। काफी समय इंतजार करने के बाद कूपन बांट रहे लोगों और भीड़ में बहस हो गई। इसके बाद पुलिस को फिर से बुलाया गया।
कौन करवा रहा है यह लंगर?
इस लंगर का आयोजना अमृतसर के कारोबारी राकेश त्रेहन की ओर से किया गया था। वह पहले भी अमृतसर और चंडीगढ़ में इस तरह के आयोजन कर चुके हैं। बीते दिनों उन्होंने लंगर में पैसे भी बांटे थे और इसके बाद से वह सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे हैं। भारी भीड़ और बारिश के कारण हुई परेशानी के बाद उन्होंने लोगों से माफी मांगी। उन्होंने बताया कि पेट्रोल लंगर आगे शुक्रवार, शनिवार और रविवार को भी लगाया जाएगा। मंगलवार को जिन लोगों को कूपन मिले हैं, उनसे उन्हें सुरक्षित रखने की अपील की गई है। राकेश त्रेहन ने भविष्य में आईफोन का लंगर लगाने की बात भी कही है।
पुलिस ने लिया एक्शन
इस पूरे घटनाक्रम के दौरान कई लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा। सड़क पर लंबा जाम लगा रहा और पुलिस को स्थिति को संभालना पड़ा। सोशल मीडिया रिपोर्ट्स में दावा किया जा रहा है कि इस घटनाक्रम के बाद चंडीगढ़ पुलिस ने राकेश त्रेहन को हिरासत में लेकर सेक्टर-3 थाना में ले गई और बाद में सख्त चेतावनी देकर छोड़ दिया गया। पुलिस ने उन्हें साफ कह दिया है कि बिना अनुमति के इस तरह के आयोजन नहीं किए जा सकते।
पुलिस ने उनसे कहा है कि भविष्य में किसी भी ऐसे सार्वजनिक आयोजन से पहले संबंधित विभाग और पुलिस प्रशासन से अनुमति लेना जरूरी होगा। बिना अनुमति के आयोजन करने पर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी भी पुलिस ने उन्हें दी है। इसके बाद उन्हें छोड़ दिया गया है। हालांकि, अभी राकेश त्रेहन ने इस बारे में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी है।
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लंगर शब्द पर आपत्ति
फ्री में पेट्रोल बांटे जाने के इस आयोजन को राकेश त्रेहन 'पेट्रोल का लंगर' कह रहे हैं लेकिन अब लोग लंगर शब्द के इस्तेमाल को लेकर भी सवाल कर रहे हैं। 'लंगर' एक फारसी शब्द है जिसका अर्थ गरीबों और जरूरतमंदों के लिए आश्रय स्थल होता है। इसके साथ ही इस शब्द को खाने के रूप में भी इस्तेमाल किया जाता है। सिख परंपरा में लंगर की शुरुआत पहले सिख गुरु, गुरु नानक देव जी ने की थी। इसके बाद से लंगर शब्द को इससे जोड़कर देखा जाने लगा। हालांकि, अब सवाल उठ रहा है कि क्या फ्री में पेट्रोल बांटने को लंगर कहना उचित है।