बिहार ग्रामीण विकास विभाग के आधिकारिक ईमेल पर मंगलवार को सुबह 8 बजे के करीब एक धमकी भरा मेल आने से हड़कंप मच गया। ईमेल में मुख्यमंत्री सचिवालय और मुख्यमंत्री आवास को बम से उड़ाने की धमकी दी गई थी। इसमें कुछ आपत्तिजनक और भ्रामक बातें भी लिखी थीं। ईमेल पढ़ते ही विभाग में अफरा-तफरी मच गई और तुरंत इसकी सूचना वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई। इस मामले में ग्रामीण विकास विभाग के संयुक्त सचिव रवि कुमार ने सचिवालय थाने में लिखित शिकायत दर्ज कराई।
शिकायत के आधार पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर कर दिया है। इसके साथ साइबर सेल को ईमेल के स्रोत का पता लगाने में लगा दिया गया है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि पड़ताल की जा रही है। मेल में लिखी बातों की भी गहनता से जांच हो रही है। धमकी मिलने के बाद मुख्यमंत्री आवास, मुख्यमंत्री सचिवालय और विधानसभा परिसर की सुरक्षा कड़ी कर दी गई।
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दानापुर के 4 स्कूलों को भी मिली थी धमकी
इसी बीच दानापुर कैंट क्षेत्र में स्थित चार प्रतिष्ठित स्कूलों को भी बम से उड़ाने की धमकी मिली। ईमेल दानापुर कैंट स्थित आर्मी पब्लिक स्कूल, रेडिएंट इंटरनेशनल स्कूल, डीपीएस सीनियर स्कूल और डीपीएस जूनियर स्कूल को भेजे गए थे। स्कूल प्रशासन ने सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन को जानकारी दी। सूचना मिलते ही सभी चारों स्कूलों को एहतियातन खाली करा लिया गया। बच्चों को क्लास से निकालकर सुरक्षित जगह पहुंचाया गया।
इसके बाद शिक्षकों और कर्मचारियों को भी बाहर निकाला गया। पुलिस, डॉग स्क्वायड और बम निरोधक दस्ते की टीम ने सभी स्कूल परिसरों की गहन तलाशी ली। क्लासरूम, लैब, बाथरूम, पार्किंग और बाउंड्री के हर कोने की जांच की गई। करीब तीन घंटे तक चली सर्च ऑपरेशन के बाद भी कोई संदिग्ध वस्तु बरामद नहीं हुई। स्कूल प्रबंधन के मुताबिक, सुरक्षा को देखते हुए बच्चों को उनके घर भेज दिया गया। अभिभावकों को भी सूचना दे दी गई थी। तलाशी के बाद ही स्कूलों को दोबारा खोलने का फैसला लिया जाएगा।
डाकघर और पासपोर्ट केंद्रों की भी बढ़ाई गई सुरक्षा
धमकी के बाद सचिवालय और स्कूल के अलावा पटना और गया के डाकघर और पासपोर्ट सेवा केंद्रों की सुरक्षा भी बढ़ा दी गई है। इन जगहों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया गया है। प्रवेश करने वाले हर व्यक्ति की जांच की जा रही है। बैग और सामान की स्कैनिंग हो रही है। अधिकारियों का कहना है कि भीड़भाड़ वाली जगहों पर विशेष नजर रखी जा रही है।
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साइबर सेल कर रही ईमेल की जांच
पुलिस का कहना है कि ये शरारत भी हो सकती है, कोई गंभीर साजिश भी। इसलिए हर एंगल से इसकी जांच की जा रही है। साइबर सेल ईमेल की हेडर जानकारी, आईपी एड्रेस और भेजने वाले के लोकेशन का पता लगाने में जुटी है। पहले भी देश के कई हिस्सों में स्कूलों और सरकारी कार्यालयों को इस तरह की फर्जी ईमेल भेजकर दहशत फैलाने की कोशिश हो चुकी है। पुलिस अधिकारियों का मानना है कि ईमेल भेजने वाला जानबूझकर परीक्षा और सत्र के दौरान दहशत फैलाना चाहता है। जब तक जांच पूरी नहीं हो जाती, किसी नतीजे पर नहीं पहुंचा जा सकता।
अभिभावकों में डर का माहौल
स्कूलों को धमकी मिली तो अभिभावक भी डर गए, कई अभिभावक सुबह स्कूल पहुंच गए थे। अपने बच्चों को सुरक्षित घर लाने के बाद ही उन्होंने राहत की सांस ली। इसके साथ ही स्कूल प्रशासन ने अभिभावकों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की है। फिलहाल पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां पूरे मामले की जांच कर रही हैं। सीएम हाउस और सचिवालय के आसपास ड्रोन से भी निगरानी की जा रही है। पटना पुलिस ने लोगों से अपील की है कि अगर उन्हें कोई संदिग्ध व्यक्ति या वस्तु दिखे तो तुरंत पुलिस को सूचना दें। अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने तक सुरक्षा के सभी इंतजाम जारी रहेंगे। ईमेल भेजने वाले की पहचान होते ही उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
