कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के सह-संयोजक आशुतोष रांका ने पश्चिम बंगाल में पार्टी के एक वॉलंटियर के परिवार के साथ मारपीट को लेकर राज्य पुलिस पर सवाल उठाए हैं। रांका ने आरोप लगाया कि CJP वॉलंटियर अब्दुल हाफिज के परिवार को धमकियां मिलने के बावजूद पुलिस ने समय पर कार्रवाई नहीं की। उनका दावा है कि अब्दुल के पिता शेख मोहम्मद मफिक के साथ BJP से जुड़े लोगों ने मारपीट की, जिसके बाद उनकी मौत हो गई। इसके बाद मीडिया से बात करते हुए उन्होंने बाद में कहा कि सुधर जाओ वरना सुधार देंगे।
आशुतोष रंका के मुताबिक, अब्दुल हाफिज 18 जुलाई को शिक्षा से जुड़े एक प्रदर्शन में शामिल होने के लिए दिल्ली के जंतर-मंतर गया था। वहां से लौटने के बाद वह CJP के फिक्स आवर स्कूल अभियान से जुड़ गया। रांका का आरोप है कि इसी वजह से स्थानीय BJP विधायक निर्मल धारा और उनके समर्थकों ने हाफिज को निशाना बनाया और उसे धमकियां दीं।
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स्कूल का निरीक्षण करने के बाद बढ़ा विवाद
CJP नेता के अनुसार, हाफिज गांव के सरकारी स्कूल की स्थिति देखने और उसमें सुधार के सुझाव देने के लिए स्थानीय हेडमास्टर काशीनाथ डे से अनुमति लेने गया था। रांका ने आरोप लगाया कि काशीनाथ डे BJP से जुड़े हैं और उन्होंने अब्दुल की गतिविधि की जानकारी पार्टी से जुड़े लोगों को दी। इसके बाद अब्दुल के घर की बिजली काट दी गई और उसके परिवार पर हमला किया गया। रांका का दावा है कि बीच-बचाव करने पर अब्दुल के पिता मफिक के साथ भी मारपीट हुई। परिवार को इलाज के लिए अस्पताल जाना पड़ा।
आशुतोष रांका का बयान
आशुतोष रंका ने कहा, 'जो खुद को बहुत बड़ा गुंडा समझता है, उसका अभी तक इस देश के कॉकरोचों से पाला नहीं पड़ा है। और देशभर में BJP के जो भी गुंडे घूम रहे हैं उन्हें आखिरी चेतावनी दे रहे हैं सुधर जाओ, वरना सुधार दिए जाओगे।' अब उनका यह वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।
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8 गिरफ्तार, दो आरोपियों की तलाश
पुलिस के मुताबिक, मफिक की मौत के बाद सोशल मीडिया पर यह दावा किया जाने लगा कि उसकी बेरहमी से पिटाई की गई थी। इस मामले में FIR दर्ज होने के बाद पुलिस अब तक 8 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें 3 नामजद आरोपी और 5 अन्य संदिग्ध शामिल हैं। सभी आरोपियों को 8 दिन की पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। वहीं, पुलिस दो अन्य फरार आरोपियों की तलाश कर रही है। इसके अलावा, अब्दुल के घर की सुरक्षा के लिए पुलिसकर्मी भी तैनात किए गए हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि जांच पूरी होने तक बिना पुख्ता जानकारी के किसी तरह की अफवाह या गलत जानकारी न फैलाएं।
