हरियाणा में नए निवेश आकर्षित करने, अंतरराष्ट्रीय औद्योगिक साझेदारियों को मजबूत करने और उन्नत तकनीकों के हस्तांतरण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी 14 से 17 अक्टूबर तक स्वीडन के चार दिवसीय आधिकारिक दौरे पर रहेंगे। इस दौरे का प्रमुख उद्देश्य हरियाणा को वैश्विक निवेश के पसंदीदा गंतव्य के रूप में स्थापित करना तथा ऊर्जा, होम फर्निशिंग, रियल एस्टेट, रक्षा और ऑटोमोबाइल सहित प्रमुख क्षेत्रों में निवेश एवं औद्योगिक सहयोग की नई संभावनाएं तलाशना है। इसके साथ ही, स्वीडन की प्रमुख कंपनियों की ग्लोबल सप्लाई चेन से हरियाणा के उद्योगों को जोड़ने पर विशेष जोर दिया जाएगा।
दौरे के दौरान मुख्यमंत्री स्वीडन के सरकारी प्रतिनिधियों, प्रमुख औद्योगिक समूहों, व्यापारिक संगठनों और संभावित निवेशकों के साथ उच्चस्तरीय बैठकें करेंगे। इन बैठकों में हरियाणा में निवेश की संभावनाओं, तकनीकी हस्तांतरण, औद्योगिक सहयोग, संयुक्त उपक्रमों तथा रोजगार एवं उद्यमिता के नए अवसरों पर चर्चा होगी। प्रयास रहेगा कि अंतरराष्ट्रीय कंपनियों की विशेषज्ञता और तकनीक का लाभ हरियाणा के औद्योगिक तंत्र को मिले तथा प्रदेश के उद्योग वैश्विक बाजारों और आपूर्ति श्रृंखलाओं में अपनी भागीदारी बढ़ा सकें।
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15 अक्टूबर को सीएम का संबोधन
इस दौरे का एक प्रमुख आकर्षण 15 अक्टूबर को आयोजित होने वाला इंडिया–स्वीडन इनोवेशन डे 2026 होगा, जिसमें मुख्यमंत्री अंतरराष्ट्रीय नीति-निर्माताओं, उद्योग जगत के प्रतिनिधियों, नवाचार विशेषज्ञों और निवेशकों को संबोधित करेंगे। इस अवसर पर हरियाणा पर केंद्रित एक विशेष सत्र भी आयोजित किया जाएगा, जिसमें प्रदेश की औद्योगिक क्षमताओं, निवेश अनुकूल नीतियों, आधारभूत संरचना और उभरते निवेश अवसरों को प्रदर्शित किया जाएगा।
मुख्यमंत्री की स्वीडन के अंतरराष्ट्रीय विकास सहयोग एवं विदेश व्यापार मंत्री श्री बेंजामिन डौसा के साथ भी बैठक प्रस्तावित है। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच आर्थिक एवं औद्योगिक सहयोग को और मजबूत करने तथा पारस्परिक हितों के क्षेत्रों में साझेदारी की संभावनाओं पर विचार-विमर्श किया जाएगा।
किन क्षेत्रों पर रहेगा फोकस?
मुख्यमंत्री के दौरे के दौरान हरियाणा के प्रमुख औद्योगिक क्षेत्रों में निवेश आकर्षित करने के लिए विशेष प्रयास किए जाएंगे। इनमें ऊर्जा, होम फर्निशिंग, रियल एस्टेट, रक्षा विनिर्माण और ऑटोमोबाइल प्रमुख रूप से शामिल हैं। इन क्षेत्रों में स्वीडन की अग्रणी कंपनियों के साथ सहयोग की संभावनाएं तलाशने के साथ-साथ उनकी वैश्विक आपूर्ति श्रृंखलाओं में हरियाणा के उद्योगों की भागीदारी बढ़ाने पर भी ध्यान केंद्रित किया जाएगा।
ऊर्जा क्षेत्र में नवीकरणीय ऊर्जा, ऊर्जा दक्षता, आधुनिक विद्युत अवसंरचना, ऊर्जा भंडारण और टिकाऊ ऊर्जा प्रणालियों से जुड़े अवसरों पर चर्चा होगी। इसका उद्देश्य स्वीडन की उन्नत तकनीकों एवं विशेषज्ञता के माध्यम से हरियाणा की बढ़ती औद्योगिक ऊर्जा जरूरतों को पूरा करने और ऊर्जा क्षेत्र के आधुनिकीकरण की संभावनाओं को तलाशना है।
होम फर्निशिंग क्षेत्र में फर्नीचर निर्माण, घरेलू साज-सज्जा से जुड़े उत्पादों, आधुनिक विनिर्माण इकाइयों और वैश्विक सोर्सिंग नेटवर्क में सहयोग की संभावनाएं तलाशी जाएंगी। इसके माध्यम से हरियाणा के निर्माताओं, आपूर्तिकर्ताओं और एमएसएमई को अंतरराष्ट्रीय कंपनियों से जोड़ने तथा वैश्विक मूल्य श्रृंखला में उनकी भागीदारी बढ़ाने के अवसर तलाशे जाएंगे।
रक्षा क्षेत्र में उन्नत विनिर्माण, प्रिसिजन इंजीनियरिंग, रक्षा संबंधी कलपुर्जों और तकनीक आधारित औद्योगिक उत्पादन में सहयोग की संभावनाओं पर विचार किया जाएगा। इससे हरियाणा के मौजूदा इंजीनियरिंग एवं विनिर्माण तंत्र को मजबूती देने के साथ-साथ उच्च मूल्य वाले औद्योगिक निवेश को प्रोत्साहित करने में मदद मिल सकती है।
ऑटोमोबाइल एवं ऑटो कंपोनेंट क्षेत्र हरियाणा की औद्योगिक अर्थव्यवस्था का एक महत्वपूर्ण आधार है। इस क्षेत्र में उन्नत वाहन निर्माण, इलेक्ट्रिक मोबिलिटी, नई पीढ़ी की वाहन तकनीकों, ऑटो कलपुर्जों के उत्पादन और टिकाऊ परिवहन समाधानों पर विशेष चर्चा होगी। स्वीडन की कंपनियों के साथ सहयोग से हरियाणा के ऑटोमोबाइल उद्योग को नई तकनीकों, वैश्विक विनिर्माण नेटवर्क और अंतरराष्ट्रीय बाजारों से जोड़ने के अवसर तलाशे जाएंगे। इन सभी क्षेत्रों में संयुक्त उपक्रमों, अनुसंधान साझेदारियों और तकनीकी आदान-प्रदान को प्रोत्साहित करने पर भी जोर रहेगा, ताकि प्रदेश के उद्योग वैश्विक विशेषज्ञता और नवाचार का लाभ उठा सकें।
शहरी विकास पर फोकस
मुख्यमंत्री के दौरे में रियल एस्टेट, आधुनिक शहरी अवसंरचना और सतत शहरी विकास भी प्रमुख विषय रहेंगे। इस संबंध में अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों एवं संबंधित पक्षों के साथ रियल एस्टेट विकास, एकीकृत शहरी अवसंरचना, टिकाऊ आवास, ऊर्जा दक्ष भवनों तथा आधुनिक वाणिज्यिक एवं औद्योगिक परिसरों में निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की जाएगी।
इस दौरे का एक महत्वपूर्ण उद्देश्य हरियाणा और स्वीडन के शहरों के बीच सिस्टर सिटी साझेदारी तथा शहर-से-शहर सहयोग की संभावनाओं को तलाशना भी है। इस प्रकार की साझेदारियों के माध्यम से शहरी नियोजन, आधारभूत संरचना, पर्यावरण संरक्षण, अपशिष्ट प्रबंधन, जल संरक्षण, सार्वजनिक परिवहन और स्मार्ट गवर्नेंस जैसे क्षेत्रों में अनुभव एवं सर्वोत्तम कार्यप्रणालियों का आदान-प्रदान किया जा सकेगा।
शहरों के बीच संस्थागत सहयोग से दोनों पक्षों को साझा शहरी चुनौतियों के समाधान के लिए नवाचार आधारित उपाय तलाशने का अवसर मिलेगा। हरियाणा में तेजी से हो रहे औद्योगिकीकरण और शहरी विस्तार को देखते हुए इस तरह का सहयोग शहरी सुविधाओं को बेहतर बनाने, जीवन की गुणवत्ता में सुधार लाने और पर्यावरण अनुकूल विकास को बढ़ावा देने में उपयोगी साबित हो सकता है। मुख्यमंत्री स्वीडन में एकीकृत शहरी विकास के सफल अंतरराष्ट्रीय मॉडलों का भी अवलोकन करेंगे तथा हरियाणा के तेजी से विकसित हो रहे शहरी क्षेत्रों में उनकी उपयोगिता की संभावनाओं पर विचार करेंगे।
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बिजनेस राउंडटेबल में क्या होगा?
दौरे कार्यक्रम के तहत मुख्यमंत्री विभिन्न बिजनेस राउंडटेबल बैठकों में भाग लेंगे और प्रमुख उद्योगपतियों, उद्यमियों, वित्तीय संस्थानों तथा संभावित निवेशकों के साथ संवाद करेंगे। इन बैठकों के माध्यम से हरियाणा की रणनीतिक भौगोलिक स्थिति, मजबूत औद्योगिक आधार, स्थापित ऑटोमोबाइल एवं विनिर्माण तंत्र, बेहतर कनेक्टिविटी, आधारभूत सुविधाओं और कुशल कार्यबल की विशेषताओं को प्रस्तुत किया जाएगा। मुख्यमंत्री राज्य की प्रगतिशील औद्योगिक नीतियों, कारोबार सुगमता संबंधी पहलों और बुनियादी ढांचे के विकास के माध्यम से निवेश को सुविधाजनक बनाने की हरियाणा सरकार की प्रतिबद्धता को भी रेखांकित करेंगे।
इन बैठकों में प्राथमिकता वाले क्षेत्रों में ठोस निवेश संभावनाओं की पहचान करने तथा अंतरराष्ट्रीय कंपनियों को हरियाणा में विनिर्माण इकाइयां स्थापित करने, औद्योगिक साझेदारियां विकसित करने और दीर्घकालिक व्यावसायिक गतिविधियां संचालित करने के लिए प्रोत्साहित करने पर विशेष जोर दिया जाएगा। मुख्यमंत्री स्वीडन में रह रहे भारतीय समुदाय के सदस्यों, उद्यमियों और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों से भी संवाद करेंगे। इन मुलाकातों का उद्देश्य आर्थिक संबंधों को मजबूत करना और विदेशों में रह रहे निवेशकों एवं पेशेवरों की भागीदारी के माध्यम से हरियाणा के विकास को नई गति देना है।
