logo

मूड

ट्रेंडिंग:

रूस में न्यूमोनिक प्लेग बढ़ने की आशंका, जानिए लक्षण और बचाव के तरीके

रूस के साइबेरिया में न्यूमोनिक प्लेग फैलने की आशंका है। हाल ही में 28 साल की रिसर्चर की न्यूमोनिक प्लेग से मौत हुई है जिसके बाद 200 लोगों को क्वारंटीन किया गया है।

man suffering from pneumonic plague image generated by ai

प्रतीकात्मक तस्वीर, Photo Credit: Chat Gpt

शेयर करें

google_follow_us

संबंधित खबरें

Advertisement

रूस के साइबेरिया में प्लेग फैलने का खतरा है। रिपोर्ट्स के मुताबिक साइबेरिया में स्थित Irkutsk के एंटी प्लेग रिसर्च इंस्टिट्यूट में 28 साल की रिसर्चर डारया की न्यूमोनिक प्लेग से मौत हुई है। डारया से लैब में काम करने के दौरान एक टेस्ट ट्यूब टूट गई थी जिसमें जिंदा बैक्टीरिया थे। 

 

ऐसा दावा किया जा रहा है कि इस बैक्टीरिया से संक्रमित होने का बाद डारया को न्यूमोनिक प्लेग हुआ था। उन्हें वेंटिलेटर पर रखा था और बाद में उनकी मौत हो गई। डारया की मौत के बाद 200 लोगों को क्वारंटीन किया गया है। प्लेग एक गंभीर बीमारी है। आइए इस बीमारी के बारे में जानते हैं।

 

यह भी पढ़ें: तेज आवाज सुनने से क्या हो सकती है मौत? क्या कहते हैं डॉक्टर्स

क्या होता है न्यूमोनिक प्लेग?

प्लेग मुख्य रूप से चूहों पर रहने वाले संक्रमित कीट (insect) के जरिए इंसानों में फैलता है। यह बीमारी Yersinia pestis नामक बैक्टीरिया से फैलती है। प्लेग तीन तरह का होता है। 

  • ब्यूबोनिक प्लेग
  • सेप्टीसीमिक प्लेग
  • न्यूमोनिक प्लेग

ब्यूबोनिक प्लेग सबसे आम है जिसमें लिम्फ नोड्स में सूजन आ जाती है। जबकि सेप्टीसीमिक प्लेग ब्लड स्ट्रीम को प्रभावित करता है। न्यूमोनिक प्लेग फेफड़ों को संक्रमित करता है। इनमें से सबसे ज्यादा खतरनाक न्यूमोनिक प्लेग होता है। 

 

न्यूमोनिक प्लेग संक्रमित व्यक्ति के सांस से निकलने वाले कणों से दूसरे व्यक्ति में फैलता है। यह जानलेवा हो सकता है। अमेरिकी रोग नियंत्रण एवं रोकथाम केंद्र (CDC) के अनुसार न्यूमोनिक प्लेग से संक्रमित व्यक्ति को बुखार, सिरदर्द, कमजोरी, सांस लेने में तकलीफ, सीने में दर्द और खांसी हो सकती है।

 

यह भी पढ़ें: दुनिया को 'हेल्दी कैरियर' समझाने वाली 'टाइफाइड मैरी' कौन थीं?

बचाव का क्या तरीका है?

विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) के मुताबिक प्लेग एक जानलेवा बीमारी है लेकिन समय रहते एंटीबायोटिक दवाओं से इलाज किया जा सकता है। 

  • संक्रमण से बचने के लिए मास्क लगाएं। 
  • बार-बार साबुन से हाथ धोएं।
  • संक्रमित व्यक्ति से दूरी बनाएं रखें।

Related Topic:#Health

और पढ़ें