देश की संसद और राज्यों की विधानसभाओं में महिलाओं आरक्षण पर केंद्र सरकार ने विशेष सत्र बुलाया है। शनिवार को विशेष सत्र का दूसरा दिन है। लोकसभा और राज्यसभा में परिसीमन और संविधान संशोधन से जुड़े दो अहम विधेयकों पर शुक्रवार को वोटिंग होने वाली है। 131वां संविधान संशोधन 2025, परिसीमन विधेयक 2026 को लेकर विपक्ष ने हंगामा किया है। ये दोनों बिल महिलाओं को संसद और विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण देने से जुड़े हैं। गुरुवार को 2026 को सरकार ने अधिसूचना जारी करके महिला आरक्षण कानून 2023 को लागू कर दिया है। विपक्ष का कहना है कि अभी इस कानून को मौजूदा लोकसभा में लागू नहीं किया जा सकता, सरकार इसका सहारा लेकर परिसीमन थोप रही है। यह अधिनियम, संसद और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं के लिए एक तिहाई सीटें आरक्षित करने का प्रावधान करता है। आरक्षण, साल 2029 तक लागू हो सकता है। परिसीमन पूरा होने के बाद ही इसे पूरा कर पाना संभव होगा। संसद के दोनों सदनों में क्या हो रहा है, आइए जानते हैं।
पढ़िए हर जरूरी अपडेट-
2026-04-17T13:11
'परिसीमन से सुशासन धरातल पर उतर रहा है'
LJP (रामविलास) सांसद शांभवी चौधरी ने महिला आरक्षण विधेयक पर कहा, '2029 तक ये सही तरीके से ये लागू हो जाए उसके लिए आज पास किया जा रहा है। अब 2029 में जनगणना की कोई बाधा नहीं रहे और वह सही तरीके से पारित हो जाए और देश में लागू हो जाए इसमें कोई गलत बात नहीं है। जब परिसीमन अगर हो रहा है और परिसीमन से सुशासन धरातल पर उतारा जा रहा है तो इससे विपक्ष को दिक्कत क्यों है?'
2026-04-17T12:51
शशि थरूर ने महिला आरक्षण पर क्या कहा है?
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा, 'प्रधानमंत्री कहते हैं कि सरकार ने नारी शक्ति को न्याय का तोहफा दिया है। लेकिन उन्होंने इसे कांटेदार तार में लपेट दिया है, महिला रिजर्वेशन को पार्लियामेंट के विस्तार, 2011 की जनगणना के आंकड़ों और डिलिमिटेशन की प्रक्रिया से जोड़ दिया है। हमें एक नैतिक जरूरत को डेमोग्राफिक माइनफील्ड से क्यों उलझाना चाहिए? इसे डिलिमिटेशन से जोड़ना भारतीय महिलाओं की उम्मीदों को हमारे देश के इतिहास के सबसे विवादित और मुश्किल एडमिनिस्ट्रेटिव कामों में से एक का बंधक बनाना है।'
2026-04-17T12:10
परिसीमन सहारा, खुद को ताकतवर बनाना चाहती है बीजेपी: डिंपल यादव
समाजवादी पार्टी सांसद डिंपल यादव ने महिला आरक्षण बिल पर कहा है, 'संविधान में जो संशोधन चाह रहे हैं उसके पक्ष में हम नहीं है क्योंकि कहीं न कहीं परिसीमन का सहारा लेकर ये लोग पूरी प्रक्रिया है, उसको अपने सशक्तिकरण के लिए इस्तेमाल करना चाहते हैं। जो पहला आरक्षण बिल 2023 में पास हुआ था उसके अनुरूप सपा चाहती है ये लागू हो।'
2026-04-17T11:51
परिसीमन में कोई बदलाव नहीं हुआ है: संजय कुमार झा
JDU सांसद संजय कुमार झा ने कहा, 'पीएम मोदी ने अपने भाषण में साफ कहा है कि परिसीमन में कोई भी बदलाव नहीं किया गया है। जैसे कांग्रेस के समय में था वैसे ही अभी किया जा रहा है। 2023 में आप ने इसको पास कर दिया था तो विरोध किस बात का है। कैसे लोकतंत्र पर खतरा है उनको इस देश की महिलाओं पर विश्वास नहीं है।'
2026-04-17T11:51
पीएम मोदी ने असंभव को संभव बनाया: कंगना रनौत
फिल्म अभिनेत्री और हिमाचल प्रदेश की मंडी लोकसभा सीट से सांसद, कंगना रनौत ने महिला आरणक्ष पर कहा, 'महिलाओं को बहुत-बहुत बधाई। इस बिल को लेकर महिलाओं में एक उत्साह जगा है पीएम मोदी ने असंभव को संभव बना दिया है। 30 साल से अटके हुए बिल को पारित किया है।'
2026-04-17T11:51
BJP को समझना मुश्किल है, SIR की बात करते हैं, NRC कर देते हैं: अखिलेश यादव
संसद के बाहर, अखिलेश यादव ने पत्रकारों से बातचीत में कहा, 'भारतीय जनता पार्टी को समझना मुश्किल है। बीजेपी के फैसलों को समझना मुश्किल है। जब लोगों से कहा गया कि उनका SIR होगा तो SIR के बहाने NRC कर रहे थे अगर भविष्य में NRC होगी तो ये कौन से नए कागज मांगेंगे। यूपी में हमने देखा SIR के बहाने NRC कर रहे थे अब महिला आरक्षण के बहाने ये अपने मन मर्जी परिसीमन करके जिससे ये कभी हारे नहीं ।ये जनता देख रही है जब कभी बीजेपी मतदान के लिए जाएगी तो ये बुरी तरह हारेगी।'