तृणमूल कांग्रेस (TMC) के सांसदों ने केंद्र सरकार पर जांच एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया है। नॉर्थ ब्लॉक स्थित गृह मंत्रालय के कार्यालय के बाहर टीएमसी सांसदों ने जमकर नारेबाजी की और कहा कि सरकार, ईडी का गलत इस्तेमाल, विपक्ष को फंसाने के लिए कर रही है। दिल्ली पुलिस ने नारेबाजी कर रहे सांसदों को हिरासत में लिया। इन सांसदों में महुआ मोइत्रा का भी नाम भी शामिल है।
तृणमूल कांग्रेस के नेताओं ने कहा है कि वहां उन्हें जबरन हटाया गया है। सोशल मीडिया पर कई वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें प्रदर्शनकारी सांसदों को पुलिस उठाकर बाहर ले जाती नजर आई है। टीएमसी के सांसद ईडी की कार्रवाई को लेकर धरना देना चाहते हैं।
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क्यों दिल्ली में प्रदर्शन हो रहे हैं
ईडी ने चुनावी रणनीति तैयार करने वाली कंपनी फर्म आई-पैक के कार्यालय और उसके प्रमुख के आवास पर छापेमारी की थी। ममता बनर्जी ने ईडी के अधिकारियों से दस्तावेज मांग लिए थे। दिल्ली में पुलिस अधिकारियों ने बताया कि टीएमसी सांसद डेरेक ओ'ब्रायन और महुआ मोइत्रा के साथ पार्टी के अन्य नेताओं को हिरासत में लेकर संसद मार्ग पुलिस थाने ले जाया गया। अब उन्हें छोड़ दिया गया है।
दिल्ली पुलिस ने क्या कहा है?
पुलिस अधिकारियों ने यह भी कहा कि निषेधाज्ञा और सुरक्षा चिंताओं के कारण गृह मंत्रालय के कार्यालय के बाहर प्रदर्शन की अनुमति नहीं है। तख्तियां लिए और ईडी के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए टीएमसी के आठ सांसदों ने कर्तव्य भवन में प्रवेश करने की कोशिश की। गृह मंत्रालय का कार्यालय अब कर्तव्य भवन में है। दिल्ली पुलिस ने कहा है कि सांसदों को भवन में प्रवेश करने से रोक दिया गया, जिसके बाद उन्होंने गेट पर प्रदर्शन किया। उन्होंने बताया कि बाद में दिल्ली पुलिस ने उन्हें जबरन प्रदर्शन स्थल से हटा दिया।
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किन नेताओं ने प्रदर्शन किया है?
प्रदर्शन में हिस्सा लेने वालों में पार्टी सांसद ओ'ब्रायन, शताब्दी रॉय, महुआ मोइत्रा, बापी हलदर, साकेत गोखले, प्रतिमा मंडल, कीर्ति आजाद और शर्मिला सरकार शामिल थे।
TMC क्या कह रही है?
टीएमसी नेताओं ने दिल्ली पुलिस द्वारा सांसदों को जबरन प्रदर्शन वाले स्थल से हटाए जाने की तस्वीरें साझा कीं और केंद्र सरकार की कड़ी आलोचना की।
टीएमसी ने आरोप लगाया, 'अमित शाह, यह किस तरह का अहंकार है? क्या अब आप लोकतंत्र को कुचलने के लिए चुने हुए प्रतिनिधियों पर हमला करने के लिए दिल्ली पुलिस का इस्तेमाल कर रहे हैं? क्या आपके भारत में असहमति को इसी तरह दबाया जाता है?'
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टीएमसी ने कहा, 'माना कि आप घबराए हुए हैं! पहले, ईडी का बेशर्मी से दुरुपयोग। अब, हमारे आठ सांसदों के शांतिपूर्ण धरने पर हमला। यह हताशा आपके डर को उजागर करती है। आप लोकतंत्र का गला घोंटने की कोशिश कर सकते हैं, लेकिन बंगाल डरने वाला नहीं है। आप पर और आपकी पुलिस पर शर्म आती है।'
पश्चिम बंगाल में मचे बवाल की कहानी क्या है?
पश्चिम बंगाल में ईडी ने आई-पैक प्रमुख प्रतीक जैन के आवास और कोलकाता स्थित तृणमूल कांग्रेस के कार्यालय में तलाशी ली थी। ममता बनर्जी ने आरोप लगाया था कि इस दौरान संगठन के आंतरिक डाटा और चुनाव रणनीति को जब्त करने का प्रयास करने का आरोप लगाया था। ममता बनर्जी ने इन छापों को बदले की राजनीति करार दिया है। उनका आरोप है कि विपक्षी दलों को डराने के लिए केंद्रीय एजेंसियों का दुरुपयोग किया जा रहा है।