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24 या 25 जुलाई कब मनाई जाएगी देवशयनी एकादशी? सही तारीख और पर्व का महत्व जानिए

जुलाई महीने में देवशयनी एकादशी पर्व मनाया जाएगा। इस पर्व पर भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की पूजा की जाती है। साथ ही कई भक्त व्रत भी रखते हैं। इस पर्व की सही तारीख, शुभ मुहूर्त और व्रत का महत्व जानिए।

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विष्णु भगवान, Photo Credit- Gemini

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सनातन धर्म में एकादशी पर्व बेहद खास माना जाता है। जुलाई महीने में भी जल्द ही देवशयनी एकादशी पर्व मनाया जाएगा। धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, देवशयनी एकादशी के बाद से चातुर्मास की शुरुआत हो जाती है, जिसमें अगले चार महीनों के लिए भगवान विष्णु योगनिद्रा यानी विश्राम करने चले जाते हैं। इसी वजह से लोगों को देवशयनी एकादशी पर भगवान विष्णु की विधिवत पूजा-पाठ करनी चाहिए। चातुर्मास के चारों महीनों में कोई भी शुभ और मांगलिक कार्य करना अशुभ माना जाता है। इस महीने देवशयनी एकादशी के बाद चातुर्मास की शुरुआत हो जाएगी।

 

धार्मिक जानकारों के मुताबिक, भक्तों को न सिर्फ भगवान विष्णु और माता लक्ष्मी की पूजा करनी चाहिए, बल्कि सच्चे संकल्प के साथ व्रत भी रखना चाहिए। कई धार्मिक जानकारों का मानना है कि देवशयनी एकादशी का पर्व 24 जुलाई को मनाया जाना चाहिए, जबकि कुछ लोगों का मानना है कि यह पर्व 25 जुलाई को मनाया जाना चाहिए। अब सवाल उठता है कि देवशयनी एकादशी की सही तारीख क्या है? आइए जानते हैं।

 

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क्या है सही तारीख?

 

हिंदू पंचांग के अनुसार, देवशयनी एकादशी तिथि 24 जुलाई को सुबह 9 बजकर 13 मिनट से शुरू होगी और 25 जुलाई को सुबह 11 बजकर 35 मिनट पर समाप्त होगी। उदया तिथि के अनुसार, भक्तों को 25 जुलाई को देवशयनी एकादशी का व्रत रखना चाहिए।

 

इस पर्व पर पूजा का शुभ मुहूर्त 25 जुलाई को सुबह 7 बजकर 21 मिनट से सुबह 9 बजे तक है। इसी समय भक्तों को भगवान विष्णु की पूजा करनी चाहिए। धार्मिक जानकारों के मुताबिक, व्रत तोड़ने का सही समय 26 जुलाई को सुबह 5:39 बजे से लेकर 8:22 बजे तक है। इसी दौरान लोगों को व्रत का पारण करना चाहिए।

 

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पर्व का महत्व

 

देवशयनी एकादशी को अन्य नामों से भी जाना जाता है। कई लोग इसे आषाढ़ एकादशी भी कहते हैं। हिंदू धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन व्रत रखना बेहद फलदायी होता है। जो लोग यह व्रत रखते हैं, उन्हें व्रत का चार गुना फल मिलता है। साथ ही माना जाता है कि इस दिन ब्रह्म मुहूर्त में स्नान करना और दान करना अत्यंत शुभ होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन दान करने से व्यक्ति को पुण्य की प्राप्ति होती है। ऐसा माना जाता है कि इस दिन किया गया दान यज्ञ करने के बराबर फल देता है।

 

क्या दान करें?

1. देवशयनी एकादशी के दिन लोगों को अन्न और धन का दान करना चाहिए।
2. 24 जुलाई से ही चावल खाने से बचना चाहिए क्योंकि एकादशी इसी दिन से शुरू होगा।
3. पर्व के दिन मांस, मछली, लहसुन और प्याज का सेवन नहीं करना चाहिए।

 

नोट: यह लेख धार्मिक मान्यताओं और गणनाओं पर आधारित है। हम इसकी पुष्टि नहीं करते हैं।

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