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वर्ल्ड कप में मेजबान देश कैसे करता है कमाई? सारे तरीके जान लीजिए

भारत और श्रीलंका मिलकर टी20 वर्ल्ड कप 2026 होस्ट कर रहे हैं। इससे यह सवाल उठता है कि कोई देश वर्ल्ड कप होस्ट करके पैसे कैसे कमाता है।

How host country earn money during the ICC World Cup

नरेंद्र मोदी स्टेडियम, Photo Credit: PTI

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किसी बड़े खेल आयोजन को होस्ट करना सिर्फ खेल के बारे में नहीं है, यह एक बड़ा आर्थिक फैसला भी है। क्रिकेट जैसे पॉपुलर खेल में आईसीसी मेंस टी20 वर्ल्ड कप 2026 जैसे टूर्नामेंट दुनिया भर में लाखों दर्शकों को खींचते हैं। इसलिए यह सवाल उठना लाजमी है कि वर्ल्ड कप होस्ट करने से किसी देश को असल में कितना आर्थिक फायदा होता है और क्या ये फायदे इवेंट होस्ट करने के बड़े खर्च से ज्यादा हैं।

 

वर्ल्ड कप रेवेन्यू को दो हिस्सों में बांटा जा सकता है, पहला डायरेक्ट रेवेन्यू और दूसरा इनडायरेक्ट रेवेन्यू। डायरेक्ट रेवेन्यू में टिकट बिक्री, ब्रॉडकास्ट राइट्स और स्पॉन्सरशिप से होने वाला रेवेन्यू शामिल है। इनडायरेक्ट रेवेन्यू में टूरिज्म, होटल इंडस्ट्री, ट्रांसपोर्टेशन और लोकल बिजनेस से होने वाला रेवेन्यू शामिल है।

 

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टिकट और ब्रॉडकास्ट से डायरेक्ट रेवेन्यू

टूर्नामेंट के दौरान टिकट की बिक्री से काफी रेवेन्यू मिलता है, खासकर सेमीफाइनल और फाइनल जैसे बड़े मैचों के लिए। ब्रॉडकास्ट राइट्स से भी काफी रेवेन्यू मिलता है। हालांकि यह रेवेन्यू इंटरनेशनल क्रिकेट काउंसिल (ICC) और मेंबर नेशन के बीच एक रेवेन्यू मॉडल के हिसाब से बांटा जाता है। मेजबान देश को एक हिस्सा मिलता है लेकिन पूरी रकम नहीं। मैदान पर विज्ञापन, ग्राउंड ब्रांडिंग और ऑफिशियल स्पॉन्सर भी रेवेन्यू के बड़े सोर्स देते हैं।

टूरिज्म और लोकल इकॉनमी को बढ़ावा

वर्ल्ड कप का सबसे ज्यादा असर टूरिज्म सेक्टर पर दिखता है। विदेशी और घरेलू दर्शकों के आने से होटल, रेस्टोरेंट, टैक्सी सर्विस और रिटेल मार्केट को बढ़ावा मिलता है। मैच वाले शहरों में होटल बुकिंग लगभग फुल हो जाती हैं और हवाई यात्रा की डिमांड बढ़ जाती है। इससे लोकल बिजनेस और टेम्पररी नौकरी को भी फायदा होता है। कई इकॉनमिक स्टडीज में पाया गया है कि ऐसे इवेंट्स के दौरान लोकल मार्केट में बड़ी रकम सर्कुलेट होती है।

 

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इंफ्रास्ट्रक्चर और ब्रांड वैल्यू

किसी इवेंट को होस्ट करने के लिए स्टेडियम को बेहतर बनाने, सिक्योरिटी और ट्रांसपोर्टेशन इंफ्रास्ट्रक्चर में इन्वेस्टमेंट की जरूरत होती है। अगर इन सुविधाओं का लंबे समय तक इस्तेमाल किया जाए तो वे भविष्य के डेवलपमेंट में मदद करती हैं। इसके अलावा, एक सफल इवेंट देश की ग्लोबल इमेज को मजबूत करता है और इन्वेस्टमेंट और टूरिज्म के मामले में लंबे समय तक फायदे दे सकता है।

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