भारत और श्रीलंका के बीच 2 टेस्ट मैचों की सीरीज शनिवार (15 अगस्त) से शुरू होने जा रही है। पहला टेस्ट गॉल में खेला जाएगा, जबकि दूसरे टेस्ट की मेजबानी कोलंबो के सिंहली स्पोर्ट्स क्लब (SSC) ग्राउंड को दी गई है। यह सीरीज वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप (WTC) के मौजूदा साइकल का हिस्सा है। भारत पॉइंट्स टेबल में पांचवें पायदान पर है। वहीं श्रीलंका छठे नंबर पर है। ऐसे में यह सीरीज दोनों टीमों के लिए बेहद अहम है।
टीम इंडिया पिछले WTC के फाइनल में नहीं पहुंच पाई थी। अगर इस बार भी टीम खिताबी मुकाबले के लिए क्वालिफाई नहीं करती है, तो हेड कोच गौतम गंभीर का पद खतरे में आ सकता है।
शुभमन गिल
कप्तान बने ज्यादा समय नहीं हुआ है। ऐसे में उनकी कप्तानी पर आंच नहीं आएगी लेकिन वह चाहेंगे कि श्रीलंका में क्लीन स्वीप कर टीम फाइनल की रेस में बन रहे। भारत को फाइनल में पहुंचने के लिए अपने बाकी बचे 9 टेस्ट में से कम से कम 7 टेस्ट जीतने जरूरी हैं।
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प्रभात जयसूर्या बिगाड़ सकते हैं गेम
भारतीय टीम श्रीलंका पहुंचने के बाद से ही तगड़ी प्रैक्टिस कर रही है। उसने एकमात्र वार्म-अप मैच में श्रीलंका क्रिकेट XI को 6 विकेट से हराया था। इस मुकाबले के बाद भी टीम इंडिया लगातार पसीना बहा रही है। एक तरह से देखा जाए तो सारी तैयारी श्रीलंका के स्पिन अटैक से निपटने के लिए हो रही है, जिसकी कमान प्रभात जयसूर्या के हाथों में है।
लेफ्ट आर्म स्पिनर प्रभात घरेलू सरजमीं पर किसी भी टीम के बैटिंग ऑर्डर को तहस-नहस कर सकते हैं। 34 साल के इस गेंदबाज ने अब तक 23 टेस्ट मैचों में 125 विकेट झटके हैं। वह टेस्ट क्रिकेट में 12 बार 5 विकेट हॉल ले चुके हैं। उनके नाम दो 10 विकेट हॉल भी दर्ज है। श्रीलंका में अब तक उन्होंने 14 टेस्ट मैच खेले हैं, जिसमें 96 विकेट झटके हैं। यानी वह हर घरेलू टेस्ट में लगभग 7 विकेट चटकाते हैं।
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गॉल में बरपा सकते हैं कहर
गॉल इंटरनेशनल स्टेडियम की पिच हमेशा से स्पिनर्स की मददगार रही है। इस बार भी माना जा रहा है कि पिच रैंक टर्नर ही रहेगी, जिस पर प्रभात और रमेश मेंडिस कहर बरपा सकते हैं। 2021 से श्रीलंका में खेले गए 21 टेस्ट मैचों में 75 फीसदी विकेट स्पिनर्स ने लिए हैं। इस दौरान प्रभात जयसूर्या ने 96 विकेट लिए हैं, जबकि ऑफ स्पिनर रमेश मेंडिस ने 70 विकेट झटके हैं। 31 साल के रमेश अब तक 16 टेस्ट मैच खेल चुके हैं और उन्होंने कुल 71 विकेट लिए हैं।
स्पिन कैसा खेलते हैं भारतीय बल्लेबाज?
टीम इंडिया के बल्लेबाजी क्रम में
ऋषभ पंत
और
यशस्वी जायसवाल
को छोड़कर किसी का भी स्पिन के सामने संतोषजनक रिकॉर्ड नहीं है। केएल राहुल ने स्पिन गेंदबाजों के खिलाफ 43.5 की औसत से 956 रन बनाए हैं। इस दौरान उन्होंने 13 बार अपना विकेट गंवाया है। कप्तान शुभमन गिल लेफ्ट आर्म स्पिनर्स का 11 बार शिकार बने हैं। उन्हें खासकर प्रभात से सावधान रहना होगा।
ऑफ स्पिनर्स के सामने गिल का रिकॉर्ड अच्छा है। उन्होंने ऑफ स्पिनर्स के खिलाफ 61.1 की औसत से बल्लेबाजी की है। स्पिन के विरुद्ध यशस्वी जायसवाल की औसत 73 और स्ट्राइक रेट 86 का है। पंत ने स्पिन के खिलाफ 99 के स्ट्राइक रेट से 802 रन ठोके हैं, जिसमें 33 छक्के शामिल हैं। इस दौरान वह 13 बार आउट हुए हैं।