उत्तर प्रदेश के कानपुर से एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यहां एक डॉक्टर साहब अदालत में पेशी पर गए थे। तभी उनकी अनुपस्थिति में उनके ही ड्राइवर ने मरीजों का इलाज कर दिया। सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल है। इसमें ड्राइवर मरीजों को दवा की पर्ची लिख रहा है। वीडियो वायरल होने के बाद मुख्य चिकित्सा विभाग ने संबंधित डॉक्टर से स्पष्टीकरण मांगा है।
मामला कानपुर के कांशीराम अस्पताल का है। बुधवार की दोपहर वीडियो वायरल होने के बाद मामला उच्च अधिकारियों तक पहुंचा। बताया जा रहा है कि अस्पताल के आपातकालीन चिकित्सा अधिकारी डॉ. रामकेश अदालत की सुनवाई पर गए थे। उनके न रहने पर ड्राइवर ने मरीजों को देखा। उनकी बीमारियों के बारे में पूछा और पर्ची पर दवा भी लिखी। इतना ही नहीं उसने यह भी कहा कि दवा अस्पताल में नहीं हैं। बाहर से लेना होगा।
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कांशीराम अस्पताल के सीएमएस डॉ. पीयूष मिश्रा ने कहा कि मामले की जानकारी मिली है। डॉक्टर रामकेश से जवाब मांगा गया है। अगर जवाब संतोषजनक नहीं मिला तो एक्शन लिया जाएगा। उधर, डॉ. रामकेश ने भी माना कि वायरल वीडियो में दिख रहा शख्स उनका ही ड्राइवर है। उन्होंने बताया कि मैं कोर्ट में गवाही देने गया था। एक परचित मरीज अस्पताल आया था। इस पर ड्राइवर ने दवाइयां लिख दीं। हालांकि अब उसे नौकरी से हटा दिया है।
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कानपुर से सामने आया यह लापरवाही का मामूली मामला नहीं है। ड्राइवर की इस हरकत की वजह से किसी मरीज की जान भी जा सकती थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए लखनऊ स्थित स्वास्थ्य विभाग ने भी मामले का संज्ञान लिया है। सीएमएस पीयूष मिश्रा ने चेतावनी दी कि अगर कोई बाहरी व्यक्ति ओपीडी या अस्पताल में दवा लिखते पाया जाता है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होगी। और डॉक्टर के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। बता दें कि कानपुर का कांशीराम अस्पताल पहले भी कई बार चर्चा में रह चुका है।