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आय से अधिक संपत्ति मामले में श्याम सुंदर अरोड़ा और बेटे के ठिकानों पर ED की रेड

पंजाब में 2027 के विधानसभा चुनावों से पहले ED और CBI ने पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता श्याम सुंदर अरोड़ा से लेकर सीएम कार्यालय से जुड़े अधिकारियों तक पर शिकंजा कसा है।

Shyam Sunder Arora

श्याम सुंदर अरोड़ा, Photo Credit- Social Media

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पंजाब की राजनीति में इन दिनों केंद्रीय एजेंसियों की हलचल काफी बढ़ गई है। हाल ही में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने होशियारपुर में पूर्व उद्योग मंत्री और कांग्रेस नेता श्याम सुंदर अरोड़ा, उनके बेटे प्रतीक अरोड़ा और कई बड़े बिल्डर समूहों के ठिकानों पर छापेमारी की है। यह पूरी कार्रवाई भ्रष्टाचार, आय से अधिक संपत्ति और प्लॉटों के बंटवारें में हुई गड़बड़ियों के आरोपों से जुड़ी हुई है।

 

दूसरी ओर, सरकार में मौजूद आम आदमी पार्टी (AAP) के नेता और अधिकारी भी जांच एजेंसियों के निशाने पर हैं। मई में आप मंत्री संजीव अरोड़ा की गिरफ्तारी से लेकर हाल ही में मुख्यमंत्री भगवंत मान के कैंप ऑफिस तक हुई CBI की रेड ने राज्य की सियासत को पूरी तरह गरमा दिया है।

 

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ED का कांग्रेस नेता पर शिकंजा

जांच एजेंसियों की टीमों ने 2 नवंबर यानी सोमवार को पंजाब और चंडीगढ़ में श्याम सुंदर अरोड़ा, मार्बेला ग्रुप, गुलमोहर टाउनशिप ग्रुप के प्रमोटरों और संजीव जुनेजा से जुड़े ठिकानों पर एक साथ रेड मारी। कांग्रेस नेता पर पंजाब स्मॉल इंडस्ट्रीज एंड एक्सपोर्ट कॉरपोरेशन (PSIEC) के प्लॉट आवंटन में धांधली करने और नियम बदलकर मालिकाना हक देने के गंभीर आरोप हैं। 

 

 

2027 के पंजाब विधानसभा चुनाव से ठीक पहले हुई इस कार्रवाई को राजनीतिक रूप से काफी अहम माना जा रहा है। इस गिरफ्तारी के बाद सत्ताधारी पार्टी और कांग्रेस ने बीजेपी पर जांच एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया है। 

AAP नेताओं पर भी गिरी गाज

पंजाब की सत्ता पर काबिज AAP के नेता भी केंद्रीय एजेंसियों की जांच का सामना कर रहे हैं। इसके पहले मई महीने में ED ने AAP के मंत्री संजीव अरोड़ा को मनी लॉन्ड्रिंग के एक मामले में गिरफ्तार किया था। उन पर फर्जी बिलों के जरिए 100 करोड़ रुपये से ज्यादा के मोबाइल फोन खरीदने और इनपुट टैक्स क्रेडिट में धोखाधड़ी का आरोप है।

 

सितंबर में भी ED ने मोहाली के ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (GMADA) ऑफिस और मंत्री हरदीप सिंह मुंडियां के रिश्तेदार के ठिकाने पर छापेमारी की। यह जांच जमीन का इस्तेमाल बदलने और सरकारी फीस माफ करने के आरोपों को लेकर थी। इसके विरोध में AAP कार्यकर्ताओं ने जमकर प्रदर्शन भी किया था।

 

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सीएम के OSD तक पहुंची CBI

अक्टूबर की शुरुआत में CBI ने पंजाब और चंडीगढ़ में 8 अलग-अलग जगहों पर रेड की। यह कार्रवाई मुख्यमंत्री भगवंत मान के OSD राजबीर घुमन से जुड़े भ्रष्टाचार के मामले में हुई थी। आपको बता दे कि CBI की यह जांच पंजाब और हरियाणा हाई कोर्ट के निर्देशों के बाद शुरू हुई है।

 

CBI की टीम जब सीएम के कैंप ऑफिस पहुंची तो पार्टी ने केंद्र सरकार पर एजेंसियों के गलत इस्तेमाल का आरोप लगाया। दूसरी तरफ, बीजेपी ने पलटवार करते हुए साफ किया कि यह कार्रवाई सीधे हाई कोर्ट के आदेश पर हुई है।

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