पूर्णिया के निर्दलीय सांसद
राजेश रंजन
उर्फ पप्पू यादव की मुश्किलें बढ़ गई हैं। गर्दनीबाग धरना स्थल के पास हुए विवाद के मामले में पप्पू यादव समेत 10 लोगों के खिलाफ गर्दनीबाग थाने में एफआईआर दर्ज की गई है। काफिले की गाड़ी से बाइक में टक्कर के बाद शुरू हुआ विवाद मारपीट तक पहुंच गया और अब मामला थाने तक पहुंच गया है।
शिकायतकर्ता अरविंद कुमार अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग में वेलफेयर ऑफिसर हैं। उन्होंने आरोप लगाया है कि काफिले के लोगों ने उनके साथ मारपीट की, पिस्टल की बट से सिर पर हमला किया और सोने की चेन छीन ली। पुलिस ने शिकायत के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। वहीं, दूसरे पक्ष की ओर से दावा किया गया है कि विवाद की शुरुआत गाड़ी का शीशा तोड़े जाने के बाद हुई।
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मिली जानकारी के अनुसार घटना गर्दनीबाग धरना स्थल के पास की है। बताया जा रहा है कि पप्पू यादव का काफिला वहां से गुजर रहा था। इसी दौरान काफिले की एक गाड़ी से एक बाइक में टक्कर लग गई। टक्कर के बाद दोनों पक्षों में कहासुनी शुरू हो गई। देखते ही देखते कहासुनी मारपीट में बदल गई।
शिकायतकर्ता अरविंद कुमार ने पुलिस को दिए आवेदन में कहा है कि वे अपनी बाइक से जा रहे थे, तभी काफिले की गाड़ी ने उनकी बाइक में टक्कर मार दी। जब उन्होंने इसका विरोध किया तो काफिले में शामिल लोगों ने उनके साथ गाली-गलौज शुरू कर दी। आरोप है कि एक व्यक्ति ने पिस्टल की बट से उनके सिर पर हमला कर दिया, जिससे वे घायल हो गए।
शिकायत में पप्पू यादव पर लोहे की रॉड से हाथ पर वार करने का आरोप लगाया। सोने की चेन छीनने की भी बात कही। अरविंद का कहना है कि मारपीट में उन्हें काफी चोट आई है और उनकी चेन भी छीन ली गई। घटना के बाद वे सीधे गर्दनीबाग थाने पहुंचे और लिखित शिकायत दी। हालांकि, इन आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। पुलिस का कहना है कि मामला दर्जकर लिया गया है और हर एंगल से जांच की जा रही है।
एससी-एसटी एक्ट में केस
गर्दनीबाग थाना पुलिस ने अरविंद की शिकायत पर पप्पू यादव समेत 10 अज्ञात लोगों के खिलाफ FIR दर्ज की है। पुलिस ने बताया कि शिकायत में मारपीट, गाली-गलौज, हथियार से हमला और चेन छीनने जैसे आरोप लगाए गए हैं।
पुलिस ने कहा है कि घटना में शामिल लोगों और पूरे घटनाक्रम की पड़ताल की जा रही है। घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। धरना स्थल के पास काफी लोग मौजूद थे, उनसे भी पूछताछ की जा रही है। घायल अधिकारी का मेडिकल भी कराया गया है।
पप्पू यादव गुट ने गाड़ी का शीशा तोड़ने का लगाया आरोप
वहीं, दूसरे पक्ष की ओर से दावा किया गया है कि विवाद की शुरुआत गाड़ी का शीशा तोड़े जाने के बाद हुई। पप्पू यादव के समर्थकों का कहना है कि बाइक सवार ने पहले काफिले की गाड़ी का शीशा तोड़ा और गाली-गलौज की, उसके बाद विवाद बढ़ा। समर्थकों ने मारपीट और चेन छीनने के आरोपों को गलत बताया है। उनका कहना है कि पप्पू ने किसी पर हमला नहीं किया।
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CCTV फुटेज खंगाल रही पुलिस
गर्दनीबाग में काफिले को लेकर शुरू हुआ विवाद अब एफआईआर तक पहुंच गया है। पप्पू यादव अक्सर सुर्खियों में रहते हैं। कभी अपने बयान को लेकर तो कभी अपने काम को लेकर। इस बार वे मारपीट के आरोप में घिर गए हैं। पूर्णिया से निर्दलीय सांसद बनने के बाद यह पहला मौका है, जब उनके खिलाफ पटना में इस तरह की एफआईआर दर्ज हुई है।
पुलिस का कहना है कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाएगी। किसी को भी बख्शा नहीं जाएगा। अगर आरोप सही पाए गए तो आगे की कार्रवाई की जाएगी। वहीं, अगर शिकायत झूठी पाई गई तो उस पर भी कार्रवाई होगी। पुलिस दोनों पक्षों के बयान दर्ज कर रही है। इस घटना के बाद पटना की सियासत गरमा गई है। पप्पू यादव के समर्थक इसे साजिश बता रहे हैंl