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कौन है इंदरजीत यादव? ED के छापे में जिसके घर से मिली कई कार और ढेरों कैश

इंदरजीत यादव के खिलाफ आर्म्स एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत कई एफआईआर दर्ज है। वह कई मामलों में वांछित है।

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बरामद हुई कारें । Photo Credit: Social Media

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प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने मनी लॉन्ड्रिंग के एक बड़े मामले में कार्रवाई करते हुए दिल्ली, गुरुग्राम और रोहतक में 10 ठिकानों पर 26-27 दिसंबर को छापेमारी की। यह ऑपरेशन यूएई में रह रहे वांछित अपराधी इंदरजीत सिंह यादव, उसके सहयोगियों, अपोलो ग्रीन एनर्जी लिमिटेड और अन्य संबंधित कंपनियों व व्यक्तियों के खिलाफ चल रही जांच से जुड़ा है।

 

जांच में पता चला है कि इंदरजीत सिंह यादव लंबे समय से हत्या, रंगदारी, धोखाधड़ी, अवैध जमीन कब्जा और हिंसक अपराधों में शामिल रहा है। वह Gems Tunes के रूप में मशहूर जेम रिकॉर्ड्स एंटरटेनमेंट प्राइवेट लिमिटेड का मालिक है। हरियाणा और उत्तर प्रदेश पुलिस ने उसके खिलाफ आर्म्स एक्ट और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत 15 से अधिक FIR दर्ज की हैं। फिलहाल वह हरियाणा पुलिस के लिए कई मामलों में वांछित है और यूएई से बैठकर अपना नेटवर्क संचालित कर रहा है।

 

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सेटलमेंट से आता था पैसा

ED की जांच से खुलासा हुआ कि अपोलो ग्रीन एनर्जी लिमिटेड जैसी कॉर्पोरेट कंंपनियां झज्जर के दीघल क्षेत्र के निजी साहूकारों से नकद में बड़ी रकम उधार लेती थीं और सुरक्षा के रूप में पोस्ट-डेटेड चेक देती थीं। जब इन कर्जों पर विवाद होता, तो इंदरजीत सिंह यादव गुंडों व हथियारों के दम पर बीच में आकर जबरन सेटलमेंट करवाता था। इस प्रक्रिया में उसे सैकड़ों करोड़ रुपये का कमीशन मिलता था। जांच में यह भी सामने आया कि उसने एक विशेष वेबसाइट और पोर्टल बनवाया था, जिसके माध्यम से कॉरपोरेट फर्मों और निजी फाइनेंसरों के बीच लोन सेटलमेंट का अवैध धंधा चलाया जाता था।

 

 

 

 

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आलीशान लाइफ स्टाइल

इस गैरकानूनी कमाई से इंदरजीत ने महंगी संपत्तियां, लग्जरी गाड़ियां खरीदीं और शानदार लाइफ स्टाइल अपनाई, जबकि आयकर रिटर्न में बहुत कम आय दिखाई। छापेमारी में ED ने 5 लग्जरी कारें, बैंक लॉकर, 17 लाख रुपये नकद, महत्वपूर्ण दस्तावेज, डिजिटल डिवाइस और डेटा जब्त किया है। यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग रोकथाम अधिनियम (PMLA) 2002 के तहत की गई है।

 


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