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बंटी यादव हत्याकांड केस का मुख्य आरोपी एनकाउंटर के बाद अरेस्ट, पैर में लगी गोली

चर्चित बंटी यादव अपहरण और हत्याकांड के मुख्य आरोपी को पुलिस ने एक एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया है। उसके पैर में गोली लगी है और अब उससे पूछताछ की जा रही है।

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प्रतीकात्मक तस्वीर, Photo Credit: ChatGPT

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बिहार की राजधानी पटना के चर्चित चाउमिन दुकानदार बंटी यादव हत्याकांड में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। इस मामले के मुख्य आरोपी और कुख्यात अपराधी रवीश उर्फ बीसी को गुरुवार सुबह पुलिस ने एनकाउंटर के बाद गिरफ्तार कर लिया। मुठभेड़ के दौरान आरोपी के दाहिने पैर में गोली लगी है। घायल अवस्था में उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस लंबे समय से उसकी तलाश कर रही थी। उसके पास से एक देसी पिस्टल भी बरामद की गई है। इस घटना को लेकर विरोधियों द्वारा सरकार और पुलिस प्रशासन पर गंभीर आरोप भी लगाए जा रहे थे । विपक्ष बांकीपुर उपचुनाव के दौरान इस हत्याकांड को राजनीतिक मुद्दा बनाने का प्रयास कर रहा था ।

 

घटना बुद्धा कॉलोनी थाना क्षेत्र के एलएनटी घाट के पास की है। पुलिस को सूचना मिली थी कि बंटी यादव हत्याकांड का मुख्य आरोपी रवीश एलएनटी घाट के रास्ते पटना लौट रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस ने इलाके की घेराबंदी शुरू कर दी। कोतवाली, बुद्धा कॉलोनी थाना की टीम के साथ डीआईयू और एसआईयू को भी लगाया गया। इसी दौरान पुलिस ने एक संदिग्ध को आते देखा। पुलिस ने रुकने का इशारा किया तो उसने फायरिंग शुरू कर दी। आत्मरक्षा में पुलिस ने भी जवाबी कार्रवाई की। इस दौरान आरोपी रवीश के दाहिने पैर में गोली लग गई। गोली लगते ही वह जमीन पर गिर पड़ा। पुलिस ने उसे तुरंत घेरकर गिरफ्तार कर लिया। घायल अवस्था में उसे इलाज के लिए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। डॉक्टरों के अनुसार उसकी हालत खतरे से बाहर है।

 

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बाल-बाल बचे पुलिसकर्मी, गाड़ी पर लगी गोली

मुठभेड़ के दौरान आरोपी की ओर से चलाई गई एक गोली कोतवाली थाना की सरकारी गाड़ी के बोनट पर लगी। गाड़ी में थाना प्रभारी अजय कुमार समेत अन्य पुलिसकर्मी सवार थे। गोली लगने से सभी बाल-बाल बच गए। अगर निशाना थोड़ा भी इधर-उधर होता तो बड़ा हादसा हो सकता था। घटना के बाद इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। पुलिस ने घटनास्थल से एक देसी पिस्टल और खाली कारतूस बरामद किए हैं। वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाने के लिए मौके पर एफएसएल  की टीम को बुलाया गया। बरामद हथियार की फॉरेंसिक जांच कराई जाएगी। पुलिस ये भी पता लगा रही है कि इस पिस्टल का इस्तेमाल पहले किसी अन्य वारदात में हुआ है या नहीं। मौके पर लॉ एंड ऑर्डर एएसपी कृष्ण मुरारी प्रसाद, डीआईयू, एसआईयू और कोतवाली थाना की टीम मौजूद रही।

 

बंटी यादव के साथ क्या हुआ था?

बंटी यादव पटना जंक्शन के पास चाउमिन की दुकान चलाता था। 6 जुलाई को उसे पटना जंक्शन स्थित टाटा पार्क के पास से अगवा कर लिया गया था। बंटी के परिजन ने बुद्धा कॉलोनी थाने में अपहरण का केस दर्ज कराया था। पांच दिन तक तलाश के बाद 11 जुलाई को अथमलगोला इलाके से बंटी का शव बरामद हुआ। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सामने आया कि बंटी की बेरहमी से पीट-पीटकर हत्या की गई थी। उसके चेहरे और शरीर पर कई गहरे जख्म थे। पुलिस ने इस हत्याकांड में अब तक 5 आरोपियों को गिरफ्तार किया था लेकिन मुख्य साजिशकर्ता रवीश उर्फ बीसी फरार था।

 

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पुलिस के मुताबिक रवीश कुख्यात अपराधी है। उस पर हत्या के प्रयास, लूट, रंगदारी समेत कई गंभीर मामले दर्ज हैं। रवीश की गिरफ्तारी को पुलिस इस हत्याकांड की जांच में बड़ी सफलता मान रही है। इस मामले पर लॉ एंड ऑर्डर एएसपी कृष्ण मुरारी प्रसाद ने कहा कि बंटी यादव हत्याकांड के मुख्य आरोपी को मुठभेड़ में गिरफ्तार कर लिया गया है और उससे पूछताछ की जा रही है। उन्होंने कहा कि आरोपी ने पुलिस पर फायरिंग की थी। आत्मरक्षा में जवाबी कार्रवाई की गई। जल्द ही पूरे मामले का खुलासा कर दिया जाएगा। अब पुलिस रवीश से पूछताछ कर ये जानने की कोशिश कर रही है कि बंटी की हत्या के पीछे असली वजह क्या थी और इसमें और कौन-कौन शामिल था।

 

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