कतर के रास लाफान इंडस्ट्रियल सिटी स्थित दुनिया के प्रमुख लिक्विफाइड नेचुरल गैस (LNG) केंद्र में सोमवार को बहुत बड़ा ब्लास्ट हुआ। इस हादसे में कम से कम 13 लोगों की मौत हो गई है, जबकि कई अन्य घायल और कुछ लोग लापता बताए जा रहे हैं। शुरुआती मीडिया रिपोर्टों में मृतकों में भारतीय और पाकिस्तानी नागरिकों के भी शामिल होने की आशंका जताई गई है। हालांकि, भारतीय दूतावास ने अभी तक किसी भारतीय नागरिक की मौत की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है।

 

रास लाफान इंडस्ट्रियल सिटी कतर की ऊर्जा व्यवस्था का सबसे महत्वपूर्ण केंद्र माना जाता है और यह दुनिया के सबसे बड़े LNG निर्यात केंद्रों में शामिल है। हादसे के बाद इलाके में अफरा-तफरी मच गई और लोगों में दहशत फैल गई। विस्फोट इतना तेज था कि इसकी आवाज और कंपन राजधानी दोहा के कई हिस्सों तक महसूस किए गए। रास लाफान शहर दोहा से करीब 70 किलोमीटर दूर स्थित है।

 

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धमाके की वजह जानने के लिए जांच शुरू

कतर की सरकारी ऊर्जा कंपनी कतर एनर्जी ने बताया कि विस्फोट के कारणों की जांच शुरू कर दी गई है। कंपनी ने कहा कि हादसे के बावजूद देश के LNG निर्यात और रास लाफान बंदरगाह के संचालन पर कोई असर नहीं पड़ा है। गैस संयंत्र सामान्य रूप से काम कर रहे हैं।

 

कतर में भारतीय दूतावास ने घटना पर गहरी चिंता व्यक्त की है। दूतावास ने सोशल मीडिया पर जारी बयान में कहा कि हादसे में कई लोग घायल हुए हैं और कुछ अब भी लापता हैं। भारतीय मिशन लगातार हालात पर नजर बनाए हुए है और कतर सरकार तथा वहां के लोगों के साथ एकजुटता से खड़ा है। दूतावास ने घायलों के जल्द स्वस्थ होने और लापता लोगों की सुरक्षित वापसी की कामना की है।