कर्नाटक के उत्तर कन्नड़ जिले में भटकल के पास एक दर्दनाक हादसा हुआ है। यहां टाटे हक्कालू नदी में मीठे पानी के सीप बीनने की कोशिश में सात महिलाओं समेत 12 लोग बह गए। इनमें सात महिलाओं समेत आठ लोगों की मौत हो गई। वहीं दो अन्य लोग लापता हैं, जबकि दो लोगों को बचा लिया गया।
सभी मृतक एक ही गांव के रहने वाले हैं। घटना के बाद से पूरे गांव में शोक की लहर है। कर्नाटक के सीएम सिद्धारमैया ने घटना पर दुख जताया और पीड़ित परिवारों को पांच-पांच लाख रुपये की आर्थिक सहायता देने का ऐलान किया।
सीएम ने कहा कि यह जानकारी भी मिली है कि इस दुर्घटना में कुछ अन्य लोग भी लापता हैं। उनकी तलाश के लिए सघन अभियान चलाया जा रहा है। आइए हम सब ईश्वर से प्रार्थना करें कि जो लोग लापता हैं, वे सकुशल लौट आएं और अपने प्रियजनों से मिल सकें।
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पुलिस के मुताबिक हादसा भटकल के नजदीक शिराली गांव के पास हुआ। करीब 14 लोग नदी में सीप बीनने में जुटे थे। मगर अचानक पानी का बहाव तेज हो गया। पहले दो-तीन लोग बहे। उन्हें बचाने कुछ अन्य लोग भी नदी में उतरे। मगर धारा तेज होने के कारण सभी फंस गए। पुलिस ने बताया कि अभी तक आठ लाशें मिल चुकी हैं। लापता दो लोगों की तलाश की जा रही है। नागरत्ना और महादेवी को बचा लिया गया है। दोनों अस्पताल में भर्ती है।
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इनकी गई जान
- उमेश मंजूनाथ नाइक
- लक्ष्मी महादेव नाइक
- लक्ष्मी जट्टप्पा नाइक
- लक्ष्मी अप्पन्ना नाइक
- लक्ष्मी शिवराम नाइक
- ज्योति मस्तम्मा नाइक
- मालती नाइक
- मस्तम्मा नाइक
यह खबर सुनकर मुझे गहरा दुख हुआ है कि उत्तर कन्नड़ जिले के भटकल के पास टाटे हक्कालू बीच पर काले क्लैम (सीपियां) इकट्ठा करने गए एक ही परिवार के आठ सदस्य पानी में डूब गए और उनकी जान चली गई। मैं प्रार्थना करता हूं कि दिवंगत आत्माओं को शाश्वत शांति मिले। यह एक अत्यंत दुखद और दर्दनाक घटना है। मानवीय आधार पर सरकार इस आपदा में जान गंवाने वाले लोगों के परिवारों को पांच-पांच लाख रुपये का मुआवजा देगी। सिद्धारमैया, कर्नाटक के मुख्यमंत्री।
अचानक पानी बढ़ने से हुआ हादसा
सभी मृतक शिराली गांव के रहने वाले हैं। मौत की खबर से पूरे गांव में शोक की लहर है। खबरों के मुताबिक यहां के लोग हर साल नदी में सीप बीनने का काम करते हैं। यह उनकी रोजी-रोटी से जुड़ा है। लोगों का कहना है कि बारिश के कारण नदी का बहाव तेज हो गया था। इस कारण सभी लोग उसी में फंस गए।
