मध्य प्रदेश से एक चौंका देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक दिन पहले कब्र में दफनाए गए शव को बाहर निकला गया। खरगोन जिले में 29 वर्षीय महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई थी। महिला की मौत के बाद परिजन ने पुलिस से जांच की मांग कि है। परिजन का आरोप है कि शव का पोस्टमार्टम कराए बिना ही दफना दिया गया था। इसके बाद पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए कब्र से शव बाहर निकलवाने की कार्रवाई की।

 

पुलिस ने सोमवार को शव को कब्र से बाहर निकलवाकर पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर महिला की मौत की वास्तविक वजह सामने आने की उम्मीद है। फिलहाल पुलिस मामले की जांच कर रही है और मौत से जुड़े सभी पहलुओं की जानकारी जुटाई जा रही है।

 

यह भी पढ़ें: राजस्थान से गुजरात तक सरकार के लिए मुसीबत बन गया चंदीपुरा वायरस?

क्या है पूरा मामला ?

मध्य प्रदेश के मोतीपुरा के समीप स्थित मुस्लिम कब्रिस्तान में 15 अगस्त को दफनाई गई 29 वर्षीय विवाहिता का शव दूसरे ही दिन रविवार को कब्र से निकाला गया। मायके पक्ष की शिकायत पर पुलिस और प्रशासन की मौजूदगी में उक्त कार्रवाई की गई। मायके वालों ने मृतका के पति पर हत्या का आरोप लगाते हुए संदिग्ध मौत करार देते हुए जांच की मांग की है। 

 

पुलिस के अनुसार शहर के मोहन टॉकिज निवासी नईम की पत्नी नीलोफर की रविवार को मौत हो गई थी। बताया गया कि नीलोफर ने 15 अगस्त को एसिड पी लिया था। तबीयत बिगड़ने पर उसे पहले निजी अस्पताल ले जाया गया जहां से हालत गंभीर होने पर इंदौर रेफर किया गया। इंदौर ले जाते समय रास्ते में उसकी मौत हो गई। इसके बाद शव का पोस्टमार्टम कराए बिना ही उसे दफना दिया गया था।

 

यह भी पढ़ें: जमीन के विवाद में बड़े भाई ने छोटे भाई की गोली मारकर की हत्या

मृतका के भाई ने क्या कहा?

मृतका के भाई फरहान शेख का कहना है कि नीलोफर और नईम दोनों की यह दूसरी शादी थी। करीब नौ साल पहले दोनों का निकाह हुआ था। परिवार का आरोप है कि नईम ने पहली पत्नी से तलाक होने की बात बताकर नीलोफर से निकाह किया था। लेकिन शादी के बाद भी उसका पहली पत्नी से संपर्क बना रहा। इसी बात को लेकर दंपती के बीच अक्सर विवाद होता था।

मृतका के परिजन ने लगाए आरोप

मायके पक्ष ने नीलोफर के शरीर पर कई जगह चोट के निशान होने का दावा किया है। परिजन का आरोप है कि पति उसके साथ अक्सर मारपीट करता था। उन्होंने प्राइवेट पार्ट समेत शरीर के कई हिस्सों पर सिगरेट से दागने के गंभीर आरोप लगाए हैं। परिजन का कहना है कि परिवार को अस्पताल में मौत से जुड़ी परिस्थितियों की पूरी जानकारी दिए बिना कागजी कार्रवाई कराई गई और जल्दबाजी में शव दफना दिया गया।

 

पुलिस ने शिकायत के आधार पर अप्राकृतिक मौत का मामला दर्ज कर जांच शुरू की। रविवार को तहसीलदार और परिजन की मौजूदगी में कब्रिस्तान से शव निकाला गया और पोस्टमार्टम के लिए जिला अस्पताल भेजा गया। उन्होंने बताया कि पुलिस जांच के तहत मृतका के परिजन के बयान दर्ज कर रही है। नीलोफर की मौत के लिए उसके पति को जिम्मेदार ठहराते हुए उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि बिना पोस्टमार्टम शव को दफनाना मौत से जुड़े साक्ष्य छिपाने का प्रयास हो सकता है। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच में सामने आए तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।