केंद्र सरकार ने शुक्रवार को जनगणना के दूसरे चरण के लिए 40 सवाल तय कर दिए हैं। इसके तहत अब लोगों से उनकी जाति और कोरोना वैक्सीन कहां लगवाई थी, जैसी बातें पूछी जाएंगी। भारत के मुख्य जनगणना अधिकारी मृत्युंजय कुमार नारायण ने इन सवालों की पूरी लिस्ट जारी की है। यह पूरी गिनती जनगणना कानून, 1948 के नियमों के हिसाब से होगी। देश के बाकी हिस्सों में यह काम फरवरी 2027 में किया जाएगा। लद्दाख, जम्मू-कश्मीर, उत्तराखंड और हिमाचल प्रदेश के बर्फ वाले इलाकों में यह काम पहले ही शुरू हो रहा है। इन बर्फीले इलाकों में लोगों की गिनती 1 से 30 सितंबर के बीच होगी। इसके अलावा, लोगों के पास 17 से 31 अगस्त के बीच खुद से अपनी जानकारी ऑनलाइन भरने का मौका भी होगा। इस पूरी प्रक्रिया को जांचने के लिए इस साल 1 जुलाई से 20 जुलाई के बीच देश के 16 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में एक छोटा टेस्ट भी किया गया था। उसी तरीके को अब फाइनल कर दिया गया है।
इस बार की जनगणना में एक बहुत बड़ा बदलाव किया गया है। स्वतंत्र भारत में यह पहली बार होगा जब अनुसूचित जातियों और अनुसूचित जनजातियों के अलावा बाकी सभी लोगों से भी उनकी जाति पूछी जाएगी। जनगणना के फॉर्म में सवाल नंबर 10 का नाम 'अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और जाति' है। इसके लिए एक खाली कॉलम दिया गया है। इसमें जनगणना करने वाला अधिकारी आपकी जाति वैसे ही लिख लेगा जैसे आप या आपके परिवार का कोई सदस्य बताएगा।
यह भी पढ़ें: NALSAR ने CJI सूर्यकांत को बनाया चीफ गेस्ट, छात्रों का डिग्री लेने से इनकार
इसके अलावा हर व्यक्ति का नाम, परिवार के मुखिया से उसका क्या रिश्ता है, लिंग, जन्म की तारीख और पूरे हो चुके वर्षों में उम्र पूछी जाएगी। आपकी शादी हुई है या नहीं, शादी के समय आपकी उम्र क्या थी, आपके जीवनसाथी का नाम क्या है, आपकी राष्ट्रीयता क्या है, और आपका धर्म क्या है, यह सब बताना होगा। आपके माता-पिता का नाम और विवरण भी लिखा जाएगा। साथ ही, आप कौन सी भाषा बोलते हैं और इसके अलावा कौन सी दूसरी भाषाएं जानते हैं, यह भी नोट किया जाएगा।
पढ़ाई-लिखाई की जानकारी
सरकार यह जानना चाहती है कि देश में लोग कितना पढ़े-लिखे हैं। इसके लिए यह पूछा जाएगा कि आप पढ़ना-लिखना जानते हैं या नहीं और क्या आप फोन या कंप्यूटर जैसी डिजिटल चीजें चलाना जानते हैं। आप किसी स्कूल या कॉलेज में पढ़ने जाते हैं या नहीं और आपने सबसे ज्यादा पढ़ाई कहां तक और किस विषय में की है यह बताना होगा।
पिछले एक साल में आपने कोई काम किया है या नहीं इसका पूरा हिसाब लिया जाएगा। इसमें यह पूछा जाएगा कि आप किस तरह का काम करते हैं आपका पेशा क्या है, आप जिस कंपनी या दुकान में काम करते हैं वह किस तरह का काम या व्यापार करती है और आप किस वर्ग के कामगार हैं। जो लोग काम नहीं कर रहे हैं, उनसे यह पूछा जाएगा कि क्या वे काम ढूंढ रहे हैं या काम करना चाहते हैं। इसके अलावा, आप अपने काम की जगह पर कैसे और किस साधन से जाते हैं यह भी फॉर्म में भरना होगा।
घर बदलने की जानकारी
अगर आप अपना घर या शहर बदलकर कहीं और आए हैं तो उसकी पूरी जानकारी देनी होगी। इसमें यह बताना होगा कि आपका जन्म कहां हुआ था, इससे पहले आप कहां रहते थे, आपने जगह क्यों बदली और इस नए गांव या शहर में आप कब से रह रहे हैं। इसके साथ ही आपके घर का पक्का स्थायी पता भी लिखा जाएगा। सिर्फ उन महिलाओं से जो शादीशुदा हैं, विधवा हैं, तलाकशुदा हैं या पति से अलग रह रही हैं उनके जीवित बच्चों की कुल संख्या पूछी जाएगी।
उनके पूरे कितने बच्चे पैदा हुए थे, यह भी बताना होगा। और जो महिलाएं अभी शादीशुदा हैं उनसे यह पूछा जाएगा कि पिछले एक साल में उनके कितने बच्चे पैदा हुए हैं। इसके अलावा, अगर परिवार में कोई भी सदस्य किसी तरह से दिव्यांग है तो उसकी पूरी जानकारी भी फॉर्म में दर्ज की जाएगी।
यह भी पढ़ें: जर्मनी में नौकरी कैसे पाएं? वीजा, फीस और आवेदन का तरीका जानिए
वैक्सीन लगवाने की जगह भी पूछेंगे
इस बार जनगणना के फॉर्म में कुछ बिल्कुल नई चीजें भी जोड़ी गई हैं। अब आपको यह बताना होगा कि आपने अपनी कोविड-19 वैक्सीन की खुराक कहां लगवाई थी यानी उस जगह का नाम देना होगा। इसके अलावा, आपके परिवार के पास कुल कितने बैंक खाते हैं, उनकी संख्या बतानी होगी। अपनी पहचान को पक्का करने के लिए कई तरह के आईडी प्रूफ भी मांगे गए हैं। इसमें आपका मोबाइल नंबर, वोटर आईडी नंबर, पासपोर्ट नंबर और ड्राइविंग लाइसेंस की जानकारी देनी होगी यानी यह तभी देना होगा जब ये चीजें आपके पास मौजूद हों।
