पूर्व सुप्रीम कोर्ट के जज मार्कंडेय काटजू एक बार फिर अपने बेबाक अंदाज और अनोखे बयानों की वजह से सुर्खियों में आ गए हैं। इस बार उन्होंने TMC सांसद महुआ मोइत्रा को अपनी नई बनाई गई 'इश्क करो पार्टी' में शामिल होने का न्योता दिया है। काटजू ने यह बात सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के जरिए कही।
काटजू ने महुआ मोइत्रा के एक सोशल मीडिया पोस्ट पर प्रतिक्रिया देते हुए यह प्रस्ताव रखा। महुआ ने हाल ही में एक विरोध प्रदर्शन का समर्थन किया था, जिसमें कथित नीट पेपर लीक मामले को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की जा रही है। इसी पोस्ट पर टिप्पणी करते हुए काटजू ने अपनी नई पार्टी का जिक्र किया।
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क्या है इश्क करो पार्टी का एजेंडा?
मार्कंडेय काटजू ने अपने पोस्ट में लिखा कि महुआ मोइत्रा को अन्य राजनीतिक पार्टी को छोड़कर 'इश्क करो पार्टी' में शामिल हो जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि उनकी पार्टी का मुख्य उद्देश्य समाज में प्रेम और शांति का संदेश फैलाना है। काटजू ने पार्टी का नारा 'मेक लव, नॉट वॉर' बताते हुए इसे नफरत और संघर्ष की राजनीति के खिलाफ एक पहल के रूप में पेश किया।
काटजू ने यह भी बताया कि वह इस नई पार्टी के पैट्रन हैं जबकि इसके अध्यक्ष इरफान अली हैं, जो अमेरिका के न्यू जर्सी राज्य के प्रिंसटन शहर में रहते हैं। उन्होंने कहा कि पार्टी की वेबसाइट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म तैयार करने की प्रक्रिया चल रही है और जल्द ही इसे औपचारिक रूप से लोगों के सामने लाया जाएगा।
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मार्कंडेय काटजू कौन हैं?
मार्कंडेय काटजू भारत के सुप्रीम कोर्ट के पूर्व जज हैं। उन्होंने अप्रैल 2006 से लेकर सितंबर 2011 में रिटायर होने तक देश की सर्वोच्च अदालत में न्यायाधीश के तौर पर काम किया। उनका जन्म 20 सितंबर 1946 को हुआ था। उन्होंने इलाहाबाद विश्वविद्यालय से कानून की पढ़ाई की और 1967 में एलएलबी की मेरिट लिस्ट में टॉप किया था।
काटजू ने अपने कानूनी करियर की शुरुआत इलाहाबाद हाई कोर्ट से की थी। इसके बाद वह न्यायपालिका में लगातार आगे बढ़ते गए। सुप्रीम कोर्ट पहुंचने से पहले वह मद्रास हाई कोर्ट और दिल्ली हाई कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश भी रह चुके हैं। बाद में उन्हें सुप्रीम कोर्ट का जज नियुक्त किया गया, जहां उन्होंने कई अहम मामलों की सुनवाई की।
