महाराष्ट्र के पालघर जिले के वसई शहर में 32 करोड़ रुपये के कर्ज से बचने और कंपनी पर पूरा अधिकार पाने के लिए मैनेजिंग डायरेक्टर पर जानलेवा हमला कराने वाले जीएसएम फॉइल्स कंपनी के चेयरमैन सागर भानुशाली को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। इस बड़ी साजिश का खुलासा करते हुए पुलिस ने मुख्य आरोपी समेत पूरे सात लोगों को पकड़ लिया है, जबकि इस हमले में घायल हुए एमडी की जान समय पर इलाज मिलने से बच गई है।
जीएसएम फॉइल्स के चेयरमैन सागर भानुशाली ने अमेरिकी शेयर बाजार में बहुत सारा पैसा लगाया था। ईरान और इजराइल की लड़ाई के कारण अमेरिकी शेयर बाजार गिर गया जिससे उन्हें बहुत बड़ा नुकसान हुआ और वह करोड़ों रुपये के कर्ज में डूब गए। इस कर्ज को चुकाने के लिए उन्होंने अपने मैनेजिंग डायरेक्टर मोहसिंह परमार से अपने शेयर बिकवाकर करीब 32 करोड़ रुपये ले लिए थे। जब यह पैसा वापस करने का समय आया तो पैसा देने के बजाय उन्होंने परमार को ही रास्ते से हटाने की साजिश रची, ताकि उन्हें किसी का पैसा न देना पड़े और कंपनी पर उनका पूरा हक हो जाए।
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कंपनी और शेयर बाजार पर असर
यह कंपनी दवाइयों के लिए पैकेजिंग फॉइल बनाने का काम करती है जिसकी फैक्ट्रियां वसई और अहमदाबाद में हैं। इस घटना के बाद कंपनी ने नेशनल स्टॉक एक्सचेंज को बताया कि यह हादसा वालीव पुलिस थाने के पास नाइकपाड़ा इलाके में हुआ था। शेयर बाजार में इस घटना का असर दिखा और कंपनी का शेयर गिरकर 192 रुपये पर बंद हुआ था। पुलिस और कंपनी मैनेजमेंट ने साफ किया कि घायल एमडी मोहसिंह परमार को समय पर अस्पताल पहुंचाने से उनकी जान खतरे से बाहर है उनकी हालत अब ठीक है और कंपनी का रोज का काम सीनियर अधिकारियों की देखरेख में चल रहा है।
हमला कब और कैसे हुआ?
यह घटना 24 जुलाई की है। नवजीवन इलाके में डायमंड औद्योगिक एस्टेट के अंदर कंपनी परिसर में यह हमला हुआ था। जब 46 साल के एमडी मोहसिंह लक्ष्मणसिंह परमार वहा से जा रहे थे, तब दो मोटरसाइकिलों पर आए हमलावरों ने उनका रास्ता रोका और उन पर गोलियां चला दीं। पहली गोली उनके कंधे पर लगी जिससे वह घायल हो गए। इसके बाद जब हमलावर ने दोबारा गोली चलानी चाही तो पिस्तौल जाम हो गई। गोली न चलने पर हमलावर ने हथियार के पिछले हिस्से से परमार पर वार किया और वहा से भाग गए।
पुलिस की जांच में सामने आया कि मास्टरमाइंड सागर भानुशाली ने इस हमले के लिए पूरे 30 लाख रुपये की डील की थी और काम शुरू होने से पहले 5 लाख रुपये एडवांस दिए थे। वालीव पुलिस ने उत्तर प्रदेश पुलिस की स्पेशल टास्क फोर्स की मदद से मुख्य आरोपी सागर भानुशाली को उत्तर प्रदेश से पकड़ लिया। इस मामले में पुलिस ने पूरे सात लोगों को गिरफ्तार किया है जिनमे चेयरमैन और मास्टरमाइंड सागर भानुशाली, गोली चलाने के मुख्य आरोपी सुजित देवेंद्रभाई पांडे, अवैध हथियार मंगवाने वाले मनोज मूलचंद ठाथेरा, हथियार पहुचाने में मदद करने वाले गोकुल ओमप्रकाश गौतम, रेकी और मोटरसाइकिल चलाने वाले अनूप वीरेंद्र प्रजापति, विजयकुमार विश्वकर्मा और एक दूसरा आरोपी शामिल हैं।
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पुलिस की आगे की जांच
पुलिस अधिकारी संजय शिनत्रे ने इस पूरे मामले की जानकारी दी है। पुलिस अभी उस पिस्तौल को ढूंढ रही है जिसका इस्तेमाल हमले में किया गया था। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस साजिश के पीछे कोई बड़ा क्रिमिनल नेटवर्क या पैसों का कोई दूसरा खेल तो नहीं जुड़ा हुआ है। पुलिस सभी सबूतों को जोड़कर इस मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई कर रही है।
