किशाऊ बहुउद्देशीय परियोजना को लेकर हिमाचल और उत्तराखंड के बीच हुए समझौते पर राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने समझौते का श्रेय लेने को लेकर भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) नेताओं पर निशाना साधते हुए कहा कि हिमाचल के हितों की लड़ाई कांग्रेस सरकार ने मजबूती से लड़ी है, इसलिए समझौते का श्रेय भी प्रदेश की जनता और सरकार को जाता है। नादौन विधानसभा क्षेत्र के रैल में जनसभा को संबोधित करते हुए सुक्खू ने बीजेपी नेताओं अनुराग सिंह ठाकुर और जयराम ठाकुर पर तंज कसते हुए कहा कि उन्हें उत्तराखंड से पूछना चाहिए कि वहां की पीड़ा क्या है। मुख्यमंत्री ने कहा कि उन्हें उत्तराखंड के मुख्यमंत्री की चिंताओं को करीब से समझने का अवसर मिला है और हिमाचल में कांग्रेस की सरकार होने पर उन्होंने राहत जताई।
सुक्खू ने दावा किया कि किशाऊ परियोजना से हिमाचल प्रदेश को बिना अतिरिक्त निवेश के करीब 1,500 करोड़ रुपये का लाभ मिलेगा। उनके अनुसार, उत्तराखंड को इतनी ही आय अर्जित करने के लिए करीब 3,000 करोड़ रुपये खर्च करने पड़ेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि करीब पांच वर्ष पहले जिस परियोजना की लागत लगभग 800 करोड़ रुपये आंकी गई थी, वह अब बढ़कर 3,000 से 5,000 करोड़ रुपये तक पहुंच गई है। उन्होंने यह भी कहा कि परियोजना से उत्तराखंड की अधिक भूमि प्रभावित हो रही है। सुक्खू के मुताबिक, कांग्रेस सरकार बनने के बाद किशाऊ परियोजना को लेकर तीन महत्वपूर्ण बैठकें हुईं और सरकार ने हिमाचल के हितों को सुरक्षित रखने के लिए मजबूती से पैरवी की।
‘जब तक कुर्सी पर हूं, जनता की लड़ाई लड़ता रहूंगा’
मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमाचल के अधिकारों से जुड़े मामलों में सरकार अदालतों में भी मजबूती से लड़ रही है। उन्होंने कहा कि बीबीएमबी के एरियर की राशि भी जल्द प्रदेश को मिलने की उम्मीद है। बीजेपी पर निशाना साधते हुए सुक्खू ने कहा कि पिछली सरकार के कार्यकाल में प्रदेश की संपदा को नुकसान पहुंचा, जबकि उनकी सरकार ने भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई की। उन्होंने वाइल्ड फ्लावर हॉल मामले का उल्लेख करते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट में जीत के बाद प्रदेश के खजाने में 401 करोड़ रुपये आए हैं और करीब दो करोड़ रुपये प्रतिमाह की अतिरिक्त आय हो रही है।उन्होंने कहा, “जब तक मैं मुख्यमंत्री की कुर्सी पर हूं, जनता की लड़ाई लड़ता रहूंगा। हम किसी प्रलोभन के आगे नहीं झुकेंगे।”
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मुख्यमंत्री ने JSW से छह प्रतिशत अतिरिक्त रॉयल्टी के मामले का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि यह मामला पिछली बीजेपी सरकार के समय से लंबित था और कांग्रेस सरकार ने इसे सुप्रीम कोर्ट तक लड़कर जीता। उनके अनुसार, इससे प्रदेश को करीब 150 करोड़ रुपये सालाना अतिरिक्त आय हो रही है। शराब ठेकों की नीलामी का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि पिछली सरकार के समय नवीनीकरण की व्यवस्था थी, जबकि वर्तमान सरकार ने नीलामी से करीब 450 करोड़ रुपये राजस्व जुटाया है, जो पहले लगभग 150 करोड़ रुपये था।
क्खू ने स्वास्थ्य क्षेत्र में सुधारों का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश के प्रमुख चिकित्सा महाविद्यालयों में पुरानी एमआरआई मशीनों और कमजोर डायग्नॉस्टिक व्यवस्था को सुधारा जा रहा है। उन्होंने दावा किया कि डॉक्टरों, तकनीकी और पैरामेडिकल स्टाफ के पद भरने से स्टाफ की उपलब्धता करीब 60 प्रतिशत तक पहुंच गई है। मुख्यमंत्री ने पिछली बीजेपी सरकार के दौरान हिमकेयर योजना में अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए कहा कि जांच में ऐसे बिल भी सामने आए, जिनमें पुरुषों के बच्चेदानी के ऑपरेशन दर्शाए गए थे।
नादौन में इसी साल खुलेगा देश का पहला एलाइड हेल्थकेयर कॉलेज
मुख्यमंत्री ने शिक्षा और स्वास्थ्य क्षेत्र को लेकर नादौन के लिए कई घोषणाएं भी कीं। उन्होंने करनडोला में देश का पहला एलाइड हेल्थकेयर कॉलेज इसी वर्ष शुरू करने की घोषणा की। इसके अलावा हमीरपुर में एम्स स्तर के आयुर्वेदिक संस्थान की स्थापना के प्रयासों की जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि हिमाचल ने इसके लिए बोली लगाई है। पॉलिटेक्निक कॉलेज और आईटीआई में न्यू एज कोर्स शुरू करने की भी बात कही, ताकि युवाओं को आधुनिक तकनीकी शिक्षा और रोजगार के अवसर मिल सकें। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का लक्ष्य वर्ष 2027 तक हिमाचल को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में आगे बढ़ाना है।
उन्होंने पुरानी पेंशन योजना (OPS) पर सरकार के रुख को दोहराते हुए कहा कि सरकार इस पर कायम रहेगी और आने वाले समय में अन्य कर्मचारियों को भी इसका लाभ देने का प्रयास किया जाएगा। उन्होंने केंद्र से आपदा राहत और राजस्व घाटा अनुदान (RDG) को लेकर भी सवाल उठाए। सुक्खू ने दावा किया कि प्रधानमंत्री द्वारा हिमाचल के लिए घोषित 1,500 करोड़ रुपये की आपदा सहायता अभी तक प्रदेश को प्राप्त नहीं हुई है और आरडीजी के तहत मिलने वाली करीब 8,000 से 10,000 करोड़ रुपये सालाना सहायता भी बंद कर दी गई है।
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‘आने वाला चुनाव अधिकारों और हितों का चुनाव होगा’
नादौन की जनता को संबोधित करते हुए सुक्खू ने कहा कि क्षेत्र के लोगों ने उन्हें लगातार समर्थन दिया है। उन्होंने कहा कि आने वाला चुनाव प्रदेश के अधिकारों और हितों का चुनाव होगा। कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने रैल में दो करोड़ रुपये की लागत से बने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र भवन का उद्घाटन किया। उन्होंने राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय रैल के 2.10 करोड़ रुपये के भवन और राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान नादौन के 9.43 करोड़ रुपये के अतिरिक्त भवन खंड का शिलान्यास भी किया। इससे पहले उन्होंने जन स्वास्थ्य शिविर का शुभारंभ करने के साथ पौधरोपण भी किया।
