राजेश खन्ना अपने समय के सुपरस्टार थे। फैंस उन्हें प्यार से काका कहकर बुलाते थे लेकिन वह अपने फेम को संभाल कर रख नहीं पाए। राजेश खन्ना फेम पाने के बाद घमंडी हो गए थे। बाद में उन्हें इंडस्ट्री में काम मिलना भी बंद हो गया था। वेटरन म्यूजिक कंपोजर आनंदजी हाल ही में विक्की लालवानी के पॉडकास्ट में शामिल हुए।
इस पॉडकास्ट में उन्होंने फिल्म इंडस्ट्री के कलाकारों के बारे में खुलकर बात की। आनंदजी ने बताया कि हमने राजेश खन्ना को करियर के शुरुआत में बहुत सपोर्ट किया था। फिल्म मेकर और प्रोड्यूस को उनके नाम की सलाह देते थे लेकिन जैसे उन्हें सफलता मिली। उनका एटीट्यूड बदल गया।
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सफलता मिलते ही बदला राजेश खन्ना का रवैया
उन्होंने बताया, 'शुरुआत में हम उन्हें प्रमोट कर रहे थे। उनकी फिल्म राज में हमारा संगीत था। हमने उन्हें आगे बढ़ाया और प्रोड्यूसर्स को उनके बारे में बताया। हमने सच्चा झूठा फिल्म के लिए उनका नाम सुझाया था क्योंकि हमें लगा कि वह दर्शकों को पसंद आएंगे। डिस्ट्रब्यूटर्स अक्सर यह देखते थे कि कौन सा घोड़ा चलने वाला है और क्योंकि कल्याणजी को ज्योतिष का ज्ञान था इसलिए लोग उनकी बात मानते थे।' फिल्म इंडस्ट्री में कल्याणजी वैदिक ज्योतिष में अपनी रूचि के लिए जाने जाते थे और आनंदजी के मुताबिक इंंडस्ट्री के बीच उनकी सलाह काफी अहमियत रखती थी। हालांकि आनंदजी ने कहा कि स्टार बनने के बाद खन्ना का रवैया बदल गया।
उन्होंने आगे कहा, 'जैसे-जैसे समय बीतता गया, जो लोग भी हमें सर कहकर बुलाते थे। वे बदल गए। अब वे खुद को बड़ा समझने लगे थे और चाहते थे कि लोग उनके सामने झुकें। वहीं अमिताभ बच्चन एक ऐसे स्टार थे जो हमेशा जमीन से जुड़े रहे। वह हमेशा एक स्टूडेंट की तरह रहे हैं। वह कभी भी अपने डायरेक्टर से बहस नहीं करते हैं।'
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राजेश खन्ना को थी शराब की लत
आनंदजी ने राजेश खन्ना को लेकर कहा, 'वह बहुत शराब पीते थे। एक बार गाने की शूटिंग के लिए सेट पर आए थे। यह गाना फिल्म 'जोरू के गुलाम' के लिए था। वहां हंगामा करने लग गए थे कि वह गाना नहीं करेंगे। मैंने सोचा कि फिर आपने मुझे क्यों बुलाया? अगर आप इसे नहीं चाहते तो शूट मत कीजिए। इसे एडिट करके हटा दीजिए। आनंदजी ने फिर फिल्म 'दुश्मन' से जुड़ा किस्सा सुनाया। जब उन्हें खन्ना ने एक गाना सुनाने के लिए बुलाया था। उन्होंने मुझे गाना सुनने के बुलाया और फिर सीटी बजाई और चले गए। मैं उलझन में पड़ गया फिर मैंने पूछा क्या उन्हें ऐसे सीन के लिए ऐसा गाना चाहिए। उन्हें डायरेक्शन के बारे क्या पता है? हम कहानी की जरूरत के हिसाब से गाने डालेंगे।'
आनंद जी ने आगे कहा, 'मुझे पता था कि उनका दौर बीत चुका है और उनकी कामयाबी खत्म हो गई है। मैंने उनसे साफ-साफ कह दिया था कि जब आपको लगता है कि आप सबकुछ जानते हैं तो समझो आपके दिन खत्म हो गए हैं। जब उनका करियर ढलान पर था, तब हम एक बार मिले थे।' राजेश खन्ना ने मुझसे पूछा कि 'आनंद जी, क्या आपका गुस्सा अब शांत हो गया है?' मैंने उनसे कहा, 'जिस वजह से मुझे गुस्सा आया था, वह बात तो हो चुकी है। अब गुस्सा करने का कोई फायदा नहीं है।'
