इंडोनेशिया में खराब मौसम की वजह से जावा सागर में यात्री जहाज से संपर्क टूट गया। जहाज में 243 से अधिक लोग सवार थे। अभी तक 107 लोगों को बचा लिया गया है। वहीं 130 लोग लापता हैं। छह लोगों की मौत की खबर है। इंडोनेशिया की खोज और बचाव एजेंसी लापता लोगों की तलाश में जुटी है। 

 

इंडोनेशियाई अधिकारियों के मुताबिक विर्गो ट्रांसपोर्ट 8 नाम का यह जहाज शनिवार को पूर्वी जावा के सुराबाया से बंजारमासिन शहर के लिए रवाना हुआ था। खराब मौसम के कारण जहाज से संपर्क टूट गया। जहाज में चालक दल के 30 सदस्यों समेत 342 लोग सवार थे।

 

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जहाज का संचार सिस्टम हुआ फेल

अधिकारियों का दावा है कि जहाज का संचार सिस्टम फेल गया था। जहां की आखिरी लोकेशन बंजारमासिन शहर से लगभग 92 मील दूर मिली। उधर, हवाई सर्वेक्षण के हवाले से परिवहन मंत्री डुडी पुरवागांधी ने कहा कि जहाज डूबा नहीं, बल्कि पलट गया था। मामले की जांच का आदेश दिया गया है। अधिकारियों ने बताया कि बचाव अभियान में हेलीकॉप्टर, टगबोट और अन्य जहाजों का उपयोग किया जा रहा है।

 

 

परिवहन मंत्री बोले- जहाज पलट गया, लेकिन डूबा नहीं

हेलीकॉप्टर से मिली जानकारी के आधार पर जहाज पलट गया है, लेकिन डूबा नहीं है। दोपहर तीन बजे तक यह डूबा नहीं था। डुडी पुरवागांधी, इंडोनेशिया के परिवहन मंत्री । खोज और बचाव कार्यालय के मुखिया आई पुतु सुदयाना के मुताबिक जहाज के कप्तान ने आपातकालीन संदेश से पहले 10 फुट ऊंची लहरों की सूचना दी थी।

 

इसमें बताया गया कि जहाज एक तरफ झुक रहा है। अभियान में बचाए गए लोगों को अलग-अलग जहाजों से पूर्वी जावा लाया जा रहा है। मगर अब भी 130 लोग लापता हैं। हेलीकॉप्टर की मदद से लोगों की तलाश की जा रही है। सबसे बड़ी बाधा यह है कि वहां करीब 8 से 10 फुट ऊंची लहरें उठ रही हैं।

 

उधर, बंजारमासिन बंदरगाह पर एक कमांड सेंटर भी बनाया गया है। यहां पैरामेडिकल टीमों और एंबुलेंस को तैनात किया गया है। यहां पर लापता लोगों के परिजन और रिश्तेदार भी पहुंच रहे हैं। उनके हाथों में तख्तियां हैं। इन पर लोगों के नाम लिखे हैं।

 

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इंडोनेशिया 17,000 द्वीपों में फैला है। यहां लोग एक स्थान से दूसरे स्थान पर जाने के लिए जहाज और नावों का इस्तेमाल करते हैं। यही कारण है कि यहां जहाज हादसों की खबर आम है। पिछले एक नौका में आग लगने से एक व्यक्ति की जान गई थी। जुलाई महीने में 70 से अधिक लोगों को ले जा रहा जहाज डूब गया था।