सोमवार (26 अक्टूबर) को उस समय सैकड़ों यात्री परेशान हो गए जब दिल्ली के होलंबी कलां रेलवे स्टेशन (Holambi Kalan Station) पर ट्रेनों की देरी से नाराज यात्री रेलवे ट्रैक पर ही उतर गए। ट्रेनें रुकने की वजह से जाम की स्थिति हो गई। इस जाम से दोनों दिशाओं में रेल यातायात प्रभावित हुआ और पैसेंजर से लेकर शताब्दी एक्सप्रेस तक ट्रेनें रुक गईं।

 

ट्रेन लेट होने की वजह से कई यात्री निर्धारित समय पर अपने काम पर नहीं पहुंच सके। जब होलंबी कलां स्टेशन की पटरियों पर ट्रेनों के पहिए थम गए, तो ऐसे में लाचार यात्री वहीं उतर गए और रेलवे के खिलाफ हंगामा शुरू कर दिया। इसको लेकर सोशल मीडिया पर एक वीडियो भी तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें यात्री परेशान दिखाई दे रहे हैं।

 

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शताब्दी जैसी ट्रेनें भी हुईं लेट

हजारों यात्रियों को यह परेशानी तब हुई, जब होलंबी कलां स्टेशन पर एक लोकल ट्रेन रूक गई। इसके रूकने से दिल्ली आने वाली मेल, एक्सप्रेस और शताब्दी जैसी प्रीमियम ट्रेनें लेट हो गईं। हिमाचल प्रदेश के कालका से दिल्ली आने वाली ट्रेन संख्या 12006 शताब्दी लगभग तीन घंटे लेट हो गई। यह वो ट्रेन है, जो चंडीगढ़ से होते हुए दिल्ली आती है। इस ट्रेन में रोजाना ब्यूरोक्रेट्स, अधिकारी, नेता, बिजनेसमैन और बड़ी संख्या में आम यात्री सफर करते हैं। मगर, पटरियों पर घंटों ट्रेनें रुकी रहीं लेकिन रेलवे ने इसकी कोई सुध नहीं ली।

जंगलों में उतरे यात्री

यहां होलंबी कलां रेलवे स्टेशन पर ट्रेन नहीं चलने से कई यात्री वहीं उतर गए और दूसरे माध्यमों से दिल्ली आए। एक वीडियो में एक महिला शताब्दी ट्रेन से उतरकर जंगलों के रास्ते बाहर जाती हुई दिखाई दे रही है। यह वीडियो महिला यात्री ने खुद बनाई है।

 

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रेलवे ने बताई परेशानी की वजह 

यात्रियों को हुई इस असुविधा को लेकर जब हमने उत्तर रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी (CPRO) हिमांशु शेखर उपाध्याय से बात की। उन्होंने बताया कि ट्रैक पर मेंटेनेंस का काम चल रहा था, जिसकी वजह से सोमवार को यात्रियों को असुविधा हुई। पटरियों के मेंटेनेंस के लिए रेलवे ने इस ट्रैक पर दो घंटे के लिए ट्रैफिक पूरी तरह से रोक दिया था, इस वजह से होलंबी कलां रेलवे स्टेशन के पास रेल पटरियों पर जाम जैसी स्थिति हो गई।

 

हिमांशु शेखर ने बताया कि मेंटेनेंस का काम खत्म होते ही सबसे पहले शताब्दी को निकाला गया फिर बाद में पैसेंजर ट्रेनों को रास्ता दिया गया। बाद में स्थिति ठीक कर ली गई। मगर, इन सबके बीच यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।