दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के दिल्ली वाले करीब 9 किलोमीटर के हिस्से को ट्रायल के लिए खोल दिया गया है। इससे दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद और फरीदाबाद के यात्रियों को सफर में बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है। अधिकारियों ने दावा किया है कि औपचारिक उद्घाटन से पहले सड़क और ट्रैफिक व्यवस्था को परखने के लिए यह ट्रायल किया जा रहा है। पूरी तरह चालू होने पर मथुरा रोड का दबाव कम होगा और दक्षिण दिल्ली के कई इलाकों के साथ-साथ नोएडा-गाजियाबाद वालों को भी कालिंदी कुंज जैसी भीड़भाड़ से निजात मिलेगी।
बता दें कि DND-महारानी बाग से जैतपुर पुश्ता रोड तक फैला यह करीब 9 किलोमीटर लंबा हिस्सा रोजाना सफर करने वाले लोगों को सराय काले खां-महारानी बाग से एंट्री लेकर जैतपुर-मीठापुर होते हुए सीधे फरीदाबाद तक पहुंचाएगा। हालांकि, अभी तक नेशनल हाईवे अथॉरिटी ऑफ इंडिया (NHAI) ने आधिकारिक तौर पर ट्रायल रन की घोषणा नहीं की है।
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मथुरा रोड पर ट्रैफिक होगा कम, इन्हें मिलेगा फायदा
अधिकारियों ने कहा कि इससे मथुरा रोड पर ट्रैफिक का बोझ कम होगा, जिस पर उत्तर प्रदेश से हरियाणा जाने वाले ट्रैफिक का बहुत ज्यादा दबाव रहता है। इससे दक्षिण दिल्ली की न्यू फ्रेंड्स कॉलोनी, सुखदेव विहार, सरिता विहार और कालिंदी कुंज में रहने वाले लोगों को राहत मिलेगी। उन्होंने कहा कि इस कॉरिडोर से नोएडा और गाज़ियाबाद से आने-जाने वाले यात्रियों को भी राहत मिलेगी, क्योंकि वे हमेशा जाम रहने वाले कालिंदी कुंज से बच सकेंगे।
पुलिस ने शनिवार को जानकारी देते हुए बताया कि दिल्ली-मुंबई एक्सप्रेसवे के हाल ही में बने दिल्ली वाले हिस्से का एक कैरिजवे ट्रायल के लिए खोल दिया गया है। इससे यात्री सराय काले खां-महारानी बाग में रिंग रोड और DND फ़्लाईवे से कॉरिडोर में घुस सकते हैं और दक्षिण दिल्ली में जैतपुर और मीठापुर होते हुए हरियाणा में फरीदाबाद की ओर जा सकते हैं।
दिल्ली में 9 किलोमीटर है एक्सप्रेसवे का हिस्सा
NHAI ने अभी तक आधिकारिक तौर पर ट्रायल रन की घोषणा नहीं की है लेकिन अधिकारियों का कहना है कि सड़क ट्रायल के तौर पर आम लोगों के इस्तेमाल के लिए तैयार है। दिल्ली में एक्सप्रेसवे का हिस्सा लगभग नौ किलोमीटर लंबा है, जिसमें से लगभग 7.5 किलोमीटर हिस्सा एलिवेटेड (ऊंचा) है और बाकी जमीन के लेवल पर है, जिसमें आगरा नहर के ऊपर बना 140 मीटर लंबा स्ट्रक्चर भी शामिल है।
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इस कॉरिडोर के दिल्ली में दो एंट्री और एग्ज़िट पॉइंट हैं, जैतपुर और मीठापुर में। हिंदुस्तान टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक, सड़क पर तैनात NHAI के एक इंजीनियर ने बताया है कि अभी ट्रायल के दौरान हमने दिल्ली में एंट्री-एग्जिट पॉइंट बंद रखे हैं और सिर्फ फरीदाबाद और उससे आगे जाने वाले ड्राइवरों से ही इस कॉरिडोर का इस्तेमाल करने के लिए कहा जा रहा है। आगे के ट्रायल में ये पॉइंट खोले जा सकते हैं। ड्राइवरों से 40 kmph की स्पीड बनाए रखने के लिए कहा गया है।
