उत्तर प्रदेश के प्रयागराज शहर में बुजुर्ग वीरेंद्र कुमार वैश्य का जमीन-जायदाद को लेकर अपने बेटों से झगड़ा चल रहा था जिसके बीच घर से परिवार के चार लोगों की लाशें मिली हैं। इस घटना का पता तब चला जब घर से बदबू आने पर पुलिस को सूचना दी गई उसके बाद जब पुलिस ने वहां पहुंचकर ताला तोड़कर जांच शुरू की। जिसमें पिता, मां, बेटी और बड़े बेटे की हत्या की बात सामने आई। इस मामले में छोटा बेटा गायब है और बड़े बेटे का चेहरा केमिकल से जलाकर दुकान में बंद किया गया था इसलिए पुलिस ने जमीन के विवाद और परिवार की दुश्मनी को ध्यान में रखकर अपनी जांच शुरू की।
पुलिस की टीम जब कोतवाली थाना क्षेत्र के साउथ मलाका इलाके में पहुंची तो मकान के मेन चैनल गेट पर बाहर से ताला बंद था। पुलिस ने जब इस ताले को तोड़ा और पहली मंजिल पर गए तो कमरों के अंदर 70 साल के बुजुर्ग वीरेंद्र कुमार उनकी 65 साल की पत्नी अनीता और 40 साल की बेटी मीनाक्षी की लाशें पड़ी हुई थीं। यह सभी लाशें सड़ चुकी थीं जिससे पूरे घर और आस-पास के माहौल में बदबू फैल गई थी।
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मिला केमिकल से जला शव
पुलिस ने जब पहली मंजिल के बाद नीचे ग्राउंड फ्लोर पर बनी दुकानों और पूरे मकान की अच्छे से जांच की तो एक दुकान के अंदर से एक और युवक की लाश मिली। कातिल ने पहचान छुपाने के लिए युवक के चेहरे पर कोई केमिकल या तेजाब डाल रखा था जिससे उसका चेहरा बुरी तरह जल गया था। आस-पास के लोगों और पुलिस का अनुमान है कि यह लाश वीरेंद्र कुमार के 38 साल के बड़े बेटे अभिषेक की है। लाशों की हालत को देखकर लग रहा है कि यह हत्या दो से तीन दिन पहले रविवार या सोमवार को की गई थी और आरोपी घटना के बाद बाहर से ताला बंद करके भाग गए थे।
बुजुर्ग वीरेंद्र कुमार वैश्य अपनी पत्नी अनीता, बेटी मीनाक्षी और बड़े बेटे अभिषेक के साथ रहते थे। उनके मकान के नीचे पूरी 14 दुकानें बनी हुई हैं और इन दुकानों से मिलने वाले किराए के रुपयों से ही इस परिवार का गुजारा चलता था। इन्हीं दुकानों में से एक दुकान में बेटी मीनाक्षी गिफ्ट कॉर्नर चलाती थी और बड़ा बेटा अभिषेक कलर लैब नाम की दुकान चलाता था। पड़ोसियों के मुताबिक इस परिवार को आखिरी बार रविवार की सुबह देखा गया था।
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गायब बेटे पर शक
पुलिस और फॉरेंसिक टीम की जांच के मुताबिक सभी चारों लोगों के सिर पर किसी भारी चीज से मारकर हत्या की गई है और मौके से एक हथौड़ी भी मिली है। पुलिस की पूछताछ में सामने आया है कि बुजुर्ग वीरेंद्र वैश्य ने अपने छोटे बेटे अश्वनी को जायदाद से बेदखल कर दिया था और बड़े बेटे अभिषेक के साथ भी उनका संपत्ति को लेकर झगड़ा चल रहा था। घटना के बाद से ही छोटा बेटा अश्वनी गायब है। पुलिस कमिश्नर जोगिंदर कुमार, डीसीपी सिटी मनीष शांडिल्य ने फॉरेंसिक टीम और डॉग स्क्वायड के साथ जांच की है। आरोपियों को पकड़ने के लिए तीन टीमें तैयार की गई है ।
