बिहार विधान परिषद चुनाव का बिगुल बज चुका है। प्रशांत किशोर की पार्टी जन सुराज ने पांच प्रत्याशियों का एलान किया है। सारण शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से जन सुराज ने अफाक अहमद को प्रत्याशी बनाया है। अफाक अहमद ने इसी सीट से पिछला चुनाव जीता था। उस बार भी प्रशांत किशोर ने अफाक अहमद का समर्थन किया था। बता दें कि जन सुराज ने सभी आठ सीटों पर अपने प्रत्याशियों को उतारने का पहले ही एलान कर चुकी है।

 

पिछले हफ्ते जन सुराज का हिस्सा बनीं दिव्या ज्योति को पटना के शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से उम्मीदवार बनाया गया। यहां दिव्या का मुकाबला जेडीयू के मुख्य प्रवक्ता नीरज कुमार से होगा। पिछला चुनाव भी नीरज ने ही जीता था। अबकी बार मोकामा से विधायक अनंत सिंह खुलकर नीरज कुमार के विरोध में उतर चुके हैं। जन सुराज ने दरभंगा शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र से एसपी राय, दरभंगा स्नातक सीट से रविंद्र यादव और कोसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र से रजनीश रंजन पर भरोसा जताया है।

 

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तीन सीटों पर अभी एलान नहीं

बांकीपुर विधायक प्रशांत किशोर और प्रदेश अध्यक्ष मनोज भारती ने रविवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में सभी नामों की घोषणा की। माना जा रहा है कि पटना स्‍नातक, त‍िरहुत स्‍नातक और शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र के नामों का एलान जल्द किया जाएगा। 

कहां-कहां होते एमएलसी चुनाव?

बिहार विधानसभा परिषद की आठ सीटों का कार्यकाल नवंबर में समाप्त हो रहा है। 30 जिलों में फैले इन आठ निर्वाचन क्षेत्रों में जल्द चुनाव होंगे। इनमें से चार सीटें स्नातक और चार शिक्षकों की है। देश के हर राज्य में विधान परिषद यानी एमएलसी चुनाव नहीं होते हैं। यूपी, बिहार, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तेलंगाना और आंध्र प्रदेश में ही सिर्फ उच्च सदन की व्यवस्था है।

 

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एमएलसी चुनाव में जनता सीधे मतदान नहीं करती है। इसकी जगह अलग-अलग निर्वाचन क्षेत्रों और अलग-अलग समूहों के आनुपातिक प्रतिनिधित्व प्रणाली के तहत एकल संक्रमणीय मत से होता है। मसलन- स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में स्नातक मतदाता वोटिंग करते हैं। शिक्षक मतदाता निर्वाचन क्षेत्र में शिक्षक वोटिंग में हिस्सा लेते हैं।