भारतीय जनता पार्टी (BJP) के तमिलनाडु प्रदेश अध्यक्ष रहे अन्नामलाई ने पार्टी छोड़ने के बाद अब केंद्र सरकार पर NEET UG परीक्षा की तैयारियों को लेकर केंद्र सरकार पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा है कि परीक्षा कराने के जो इंतजाम कराए गए हैं, वे छात्रों में सिर्फ तनाव और घबराहट बढ़ा सकते है, उससे कोई स्थाई हल नहीं निकल सकता है। उन्होंने वायुसेना की तैनाती, एयरलिफ्ट और सेंट्रल इंडस्ट्रियल सिक्योरिटी फोर्स (CISF) जैसी एजेसियों के इस्तेमाल को लेकर नाराजगी जाहिर की है। 

अन्नमलाई का कहना है कि दो स्कर की सुरक्षा व्यवस्था, 4 लेयर की CCTV और AI सर्विलांस से छात्र सिर्फ बेचैन होंगे, उन्हें कोई समाधान नहीं मिलने जा रहा है। उन्होंने कहा है कि ऐसी व्यवस्थाओं से मुश्किलें नहीं हल होती हैं। उन्होंने सरकार की आलोचना में कहा है कि वे परीक्षा की तैयारियों से पहले इन्हें देखकर असहज हो सकते हैं। अन्नमलाई ने कहा कि यह छात्रों का तनाव और बढ़ा देगा। 

 

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अन्नालमलाई ने अपनी पुरानी पार्टी को क्यों घेरा?

अन्नामलाई ने कहा कि पेपर लीक रोकने के लिए ये कदम भले ही अच्छे हों, लेकिन तीन घंटे की परीक्षा के लिए लगाई गई अतिरिक्त सुरक्षा छात्रों पर पहले से मौजूद तनाव को और बढ़ा रही है। अन्नामलाई ने लिखा कि सरकार लीक को रोकने के उपाय तो कर रही है, लेकिन युवा छात्रों पर अतिरिक्त बोझ डाल रही है। उन्होंने कहा कि छात्र महीनों से परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं और ये नई व्यवस्थाएं उनके पूरे तैयारी के मकसद को ही कमजोर कर रही हैं।

'इतने इतंजाम से परेशान हो जाएंगे छात्र'

अन्नामलाई ने कहा, '2 टीयर CISF-CRPF एस्कॉर्ट, IAF एयरलिफ्ट। 4 स्तर की CCTV और AI सर्विलांस। बायोमैट्रिक और चेहरे से पहचान। कई स्तर की सुरक्षाएं। सीधे प्रदानमंत्री कार्यालय से नजर। आपने ठीक पढ़ा। ये इंतजाम, सैन्य स्तर के सिक्योर्ड सॉफ्टवेयर के लिए नहीं किए गए हैं। ये 21 जून को होने वाली परीक्षा के लिए किए गए हैं। ये इंतजाम, NEP 2020 के 'परीक्षा तनाव कम करने' के लक्ष्य के खिलाफ भी हैं। केंद्र के ये उपाय समस्या का हल नहीं करेंगे, बल्कि नई समस्याएं पैदा कर सकते हैं।' 

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'एडमिट कार्ड नहीं डाउलोड कर पा रहे छात्र'

अन्नामलाई ने नीट यूजी री-टेस्ट के एडमिट कार्ड डाउनलोड करने में छात्रों को हो रही परेशानियों का भी जिक्र किया। कई छात्रों ने अलग-अलग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर एडमिट कार्ड न डाउनलोड कर पाने की शिकायत की है। 

BJP क्या कह रही है?

बीजेपी तमिलनाडु के राज्य सचिव विनोज पी सेल्वम ने जवाब दिया। उन्होंने कहा कि बड़े स्तर की परीक्षाओं में सख्त सुरक्षा उपाय सामान्य हैं। उन्होंने चीन की गाओकाओ परीक्षा का उदाहरण दिया, जिसमें 1 करोड़ 30 लाख से ज्यादा छात्र हर साल दुनिया के सबसे सख्त प्रोटोकॉल के तहत परीक्षा देते हैं। किसी को इसे 'मिलिटराइजेशन' नहीं कहा जाता, बल्कि इसे मेरिट की रक्षा कहा जाता है। 

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NEET की परीक्षा कब है?

NEET री-टेस्ट परीक्षा 21 जून को है। यह परीक्षा 3 मई को हुए पेपर लीक की वजह से रद्द कर दी गई थी। इस मामले की जांच सीबीआई कर रही है। री-टेस्ट से पहले केंद्र सरकार ने पेपर लीक रोकने के लिए कई सख्त सुरक्षा कदम उठाए हैं, जिसमें भारतीय वायुसेना के जरिए प्रश्न पत्रों को परीक्षा केंद्रों तक पहुंचाने का फैसला भी शामिल है।