हिमाचल प्रदेश के 150 सरकारी सीबीएसई स्कूलों में अब विद्यार्थियों और शिक्षकों की उपस्थिति पर नजर रखने के लिए नई व्यवस्था लागू होगी। मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने शिक्षा विभाग की बैठक की अध्यक्षता करते हुए दिन में तीन बार उपस्थिति दर्ज करने के निर्देश दिए हैं।
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के निर्देशों के अनुसार, नई व्यवस्था के तहत स्कूलों में सुबह पहुंचने के समय, लंच ब्रेक के दौरान और छुट्टी के समय उपस्थिति दर्ज करना अनिवार्य होगा। सरकार का उद्देश्य स्कूलों में अनुशासन और शिक्षण व्यवस्था को और बेहतर बनाना है। रिपोर्ट्स के अनुसार, इससे पहले कई जगहों से लापरवाही की खबरें सामने आई थीं।
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शिक्षकों के लिए ड्रेस कोड
इन सीबीएसई स्कूलों में शिक्षकों और विद्यार्थियों के लिए अलग-अलग ड्रेस कोड निर्धारित किए जाएंगे। सरकार के निर्देशों के अनुसार, शिक्षकों के लिए ड्रेस कोड 1 अक्तूबर 2026 से अनिवार्य होगा। निर्धारित ड्रेस खरीदने के लिए प्रत्येक शिक्षक को 5,000 रुपये की एकमुश्त वित्तीय सहायता दी जाएगी। विद्यार्थियों की स्कूल यूनिफॉर्म को लेकर फैसला अगले एक सप्ताह में लिया जाएगा।
1,200 शिक्षकों की नियुक्ति
मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू ने कहा कि प्रदेश के सीबीएसई स्कूलों में करीब 1,200 शिक्षकों की नियुक्ति पहले ही की जा चुकी है। उन्होंने आश्वासन दिया कि आने वाले समय में और शिक्षकों की भर्ती की जाएगी। सरकार इन स्कूलों में शिक्षा की गुणवत्ता सुधारने के लिए अतिरिक्त 80 करोड़ रुपये उपलब्ध करवाएगी।
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शिक्षा मंत्री समेक अधिकारी रहे मौजूद
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार का फोकस खास तौर पर ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को घर के नजदीक गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध करवाने पर है। उन्होंने शिक्षा विभाग को नई व्यवस्थाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने और स्कूलों की सुविधाओं में लगातार सुधार के निर्देश दिए। इस बैठक में शिक्षा मंत्री रोहित ठाकुर, महाधिवक्ता अनूप रतन, सचिव शिक्षा राकेश कंवर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
