पंजाब में विधानसभा चुनाव से ठीक पहले कांग्रेस पार्टी एक बार फिर से आपसी कलह से जूझ रही है। 2022 के चुनाव में कैप्टन अमरिंदर सिंह और नवजोत सिंह सिद्धू को झगड़ा था। नतीजा कांग्रेस की बुरी हार के रूप में सामने आया। इस बार चरणजीत सिंह चन्नी और अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग आमने-सामने हैं। राजा वड़िंग के बारे में कहा जा रहा है कि वह पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने अपने X अकाउंट के बायो में भी खुद को पूर्व अध्यक्ष लिख लिया है लेकिन इस पर अभी खुलकर नहीं बोल रहे हैं। अब उन्होंने कहा है कि हाई कमान को सारी बातें पता हैं और फैसला उनको लेना है। राजा वड़िंग ने यह कहकर पार्टी की चिंता बढ़ा दी है कि वह एक-दो दिन में डीटेल में बात करने वाले हैं। माना जा रहा है कि वह पार्टी के कदम का इंतजार कर रहे हैं। शुक्रवार को जब वह राहुल गांधी से मिलने पहुंचे तो उन्होंने कहा कि जो भी उनके दिल में है, वह राहुल से कहेंगे।
दरअसल, लुधियाना से सांसद राजा वड़िंग गुरुवार शाम दिल्ली आए और आने से पहले ही सभी सोशल मीडिया हैंडल्स पर अपना परिचय बदल लिया। बता दें कि पंजाब विधानसभा चुनाव अगले साल की शुरुआत में होने हैं और उससे पहले प्रदेश इकाई में कई सप्ताह से जारी अंदरूनी कलह के बीच कांग्रेस ने वड़िंग को बदलने का फैसला किया।
यह भी पढ़ें: पुरानी पेंशन बहाल का वादा कर अखिलेश ने खेला बड़ा दांव, उदाहरण से समझें असर
दिल्ली में क्या बोले राजा वड़िंग?
दिल्ली पहुंचे राजा वड़िंग से जब पंजाब में चल रही चीजों पर सवाल पूछा गया तो उन्होंने कहा, 'अभी मैं दिल्ली आया हूं। जो मुलाकात होगी मैं बता दूंगा। मैं अभी किसी भी बात पर जवाब नहीं दे सकता। कल या एकाध दिन के बाद विस्तार से बात करूंगा। हाई कमान को हर चीज के बारे में पता है। निर्णय हाई कमान का है। जो भी निर्णय होगा, उसी का पालन होगा। उनको फैसला लेना है कि क्या सही है क्या गलत है।'
दिल्ली आने से पहले राजा वड़िंग ने कहा था, ‘आज राजा नहीं हैं तो कोई और होगा। जो भी अध्यक्ष बनेगा, मुझे उम्मीद है कि वह संघर्ष करेगा।’ नए अध्यक्ष के नाम के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘यह राहुल गांधी और कांग्रेस का अधिकार क्षेत्र है कि कौन अध्यक्ष बनेगा और कब बनेगा। हां, इतना तो मैं जानता हूं कि मैं अध्यक्ष नहीं हूं।’ राजा वड़िंग को हटाए जाने के कदम पर प्रतिक्रिया देते हुए भारतीय जनता पार्टी के नेता रवनीत सिंह बिट्टू ने कांग्रेस पर तंज कसा और एक्स पर लिखा, ‘राहुल गांधी की 'यूज़ एंड थ्रो' पॉलिसी।’
यह भी पढ़ें: पहले AAP फिर RJD, अब सपा; क्या इंडिया गठबंधन को तोड़ रही है कांग्रेस?
कौन बनेगा अगला प्रदेश अध्यक्ष?
पार्टी सूत्रों ने बताया कि पंजाब प्रभारी महासचिव सचिन पायलट द्वारा संगठन से ली गई प्रतिक्रिया के बाद राजा वड़िंग को पद से हटाने का किया गया है। सूत्रों ने बताया कि 5 सितंबर को छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की जगह पंजाब प्रभारी नियुक्त किए गए सचिन पायलट ने राज्य के पार्टी नेताओं के साथ कई दौर की बैठकें कीं और इसके बाद पार्टी आलाकमान को अपनी रिपोर्ट सौंपी, ताकि नेतृत्व में बदलाव पर फैसला लिया जा सके। सूत्रों ने बताया कि कांग्रेस आलाकमान ने राजा वड़िंग को अपने फैसले की जानकारी दे दी थी।
कांग्रेस के एक वरिष्ठ नेता ने कहा कि पार्टी पिछले कई दिनों से राज्य में नेतृत्व के मुद्दे पर चर्चा कर रही थी और इसके बाद पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष को बदलने का फैसला किया गया। कांग्रेस ऐसे नेता को नियुक्त करना चाहती है जो 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले पार्टी के विभिन्न गुटों को साथ लेकर चल सके।पार्टी सूत्रों ने कहा कि पूर्व मंत्री विजय इंदर सिंगला आगामी चुनाव से पहले इस पद की दौड़ में सबसे आगे हैं। सिंगला के अलावा पूर्व ओलंपियन और जालंधर कैंट से विधायक परगट सिंह, पूर्व विधायक राणा के.पी. सिंह, राजा सांसी से विधायक सुखबिंदर सिंह सरकारिया, पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी और गुरदासपुर से सांसद सुखजिंदर सिंह रंधावा के नाम भी प्रदेश अध्यक्ष पद के लिए चर्चा में हैं।
