#bharat ke mandir

धर्म-कर्म
मसरूर रॉक-कट मंदिर: चट्टानों को काटकर बनाए गए इस मंदिर का इतिहास क्या है?
हिमाचल प्रदेश के कांगड़ा में स्थित मसरूर रॉक कट मंदिर अपनी स्थापत्य कला के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। आइए जानते हैं इस मंदिर की विशेषता क्या है।
धर्म-कर्म
उग्रतारा मंदिर: वह स्थान जहां होती है देवी पार्वती के उग्ररूप की पूजा
गुवाहाटी में स्थित उग्र तारा देवी मंदिर अपने रहस्य और मान्यता के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। मंदिर से जुड़ी पौराणिक मान्यता भी लोगों के बीच बहुत प्रचलित हैं।
धर्म-कर्म
नवग्रह मंदिर: जहां मंदिर में स्थित नौ शिवलिंग करते हैं नवग्रहों का प्रतिनिधित्व
गुवाहाटी के चित्रशाल पहाड़ी पर स्थित नवग्रह मंदिर अपनी मान्यताओं के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। इस स्थान पर देवी-देवताओं की नहीं बल्कि नवग्रहों की विशेष पूजा की जाती है।
धर्म-कर्म
क्या उमानंद मंदिर में दर्शन करने के बाद ही पूरा होता है कामाख्या देवी का दर्शन?
कामाख्या देवी में दर्शन करने वाले बहुत से श्रद्धालु मानते हैं कि बिना उमानंद मंदिर में दर्शन किए कामाख्या देवी का दर्शन नहीं पूरा होता है। आइए जानते हैं कि क्या यह करना जरुरी होता है।
धर्म-कर्म
त्रिलोकीनाथ मंदिर: जहां हिंदू और बौद्ध दोनों ही करते हैं पूजा
हिमाचल प्रदेश में स्थित त्रिलोकीनाथ मंदिर अपनी मान्यताओं के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। इस मंदिर में बौद्ध और हिंदू धर्म के लोग एक साथ भगवान शिव की पूजा करते हैं।
धर्म-कर्म
भोजपुर शिव मंदिर: यहां होती है 18 फिट ऊंचे शिवलिंग की पूजा
मध्य प्रदेश के रायसेन जिले में स्थित भोजपुर शिव मंदिर अपनी स्थापत्य कला और विशाल शिवलिंग की वजह से पूरे देश में प्रसिद्ध है। आइए जानते हैं इस मंदिर का इतिहास क्या है।
धर्म-कर्म
कैसे बना दतिया का सोनगिरी प्रमुख जैन तीर्थस्थल, यहां समझें इतिहास
मध्य प्रदेश में स्थित सोनगिरी जैन धर्म के प्रमुख तीर्थस्थलों में से एक माना जाता है। इस स्थान पर सैकड़ों जैन मंदिर बनाए गए हैं।
धर्म-कर्म
क्या है बीजासन मंदिर का इतिहास, क्यों लगी रहती है भक्तों की भीड़?
मध्यप्रदेश के सीहोर जिले में स्थित बीजासन मंदिर अपनी मान्यताओं और चमत्कारिक शाक्तियों के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। इस मंदिर से जुड़ी पौराणिक कथा भी भक्तों के बीच बहुत प्रचलित है।
धर्म-कर्म
सास-बहू मंदिर: खत्म हो जाते हैं झगड़े, आती है शांति!
ग्वालियर में स्थित सास-बहू मंदिर अपने नाम के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। यह मंदिर अपनी नक्काशी और स्थापत्य कला के लिए भी जाना जाता है।
धर्म-कर्म
तिरुमनंचेरी मंदिर: जहां जाकर तय हो जाती है शादी, क्यों है ऐसी मान्यता?
तमिलनाडु के मयिलादुथुराई जिले में स्थित तिरुमनंचेरी मंदिर अपनी मान्यताओं के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। मान्यता है कि इस मंदिर में दर्शन करने के बाद विवाह के योग जल्दी बन जाते हैं।
धर्म-कर्म
आखिर क्या है अरुलमिगु सुब्रमण्य स्वामी मंदिर की कहानी?
तमिलनाडु के मशहूर त्योहार कार्तिकेय दीपम की वजह से जिस मंदिर को लेकर विवाद हुआ था वह मंदिर भगवान कार्तिकेय का है। आइए जानते हैं अरुलमिगु सुब्रमण्य स्वामी मंदिर से जुड़ा इतिहास क्या है।
धर्म-कर्म
कुक्के श्री सुब्रमण्य स्वामी मंदिर क्यों मशहूर है?
दक्षिण कन्नड़ में स्थित कुक्के श्री सुब्रमण्य स्वामी मंदिर सर्प पूजन के लिए पूरे देश में प्रसिद्ध है। इस मंदिर में भगवान सुब्रमण्य स्वामी की पूजा होती है।
Copyright ©️ TIF MULTIMEDIA PRIVATE LIMITED | All Rights Reserved | Developed By TIF Technologies
CONTACT US | PRIVACY POLICY | TERMS OF USE | Sitemap











