दुनियाभर के अरबपति टैक्स बचाने के लिए अलग-अलग तरीके अपनाते रहे हैं। ऐसा करके कई अरबपति करोड़ों रुपये का टैक्स बचा भी लेते हैं। ऐसा ही एक मामला अमेरिका से सामने आया है। एक अमेरिकी टेक अरबपति ने कई दशक पहले ऐसा तरीका अपनाया था, जिसकी आज फिर चर्चा हो रही है। माइक्रोसॉफ्ट में वर्ड और एक्सेल जैसे लोकप्रिय सॉफ्टवेयर विकसित करने वाली टीम के लीडर रह चुके टेक अरबपति चार्ल्स सिमोनी ने कैलिफोर्निया और न्यूयॉर्क जैसे महंगे राज्यों में जमीन पर स्थायी घर बनाने के बजाय साल के करीब छह महीने अपनी 233 फीट लंबी सुपरयॉट स्कैट (एक तरह का समुद्री जहाज) में रहना पसंद किया।
टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, इससे उन्हें प्रॉपर्टी टैक्स, स्थानीय नियमों और स्थायी मकान से जुड़ी कई जिम्मेदारियों से बचने में मदद मिली। बताया जा रहा है कि चार्ल्स सिमोनी ने यह फैसला उस समय लिया था, जब अमीर लोगों का टैक्स बचाने के लिए फ्लोरिडा या टेक्सास जैसे राज्यों में शिफ्ट होने का चलन भी शुरू नहीं हुआ था।
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समुद्र पर बनाया ठिकाना
चार्ल्स सिमोनी ने स्थायी पता बदलने के बजाय समुद्र को ही अपना ठिकाना बना लिया। उन्होंने सुपरयॉट पर रहना पसंद किया, जिसके कारण वह दुनिया के अलग-अलग शहरों में अपनी सुविधा के अनुसार पहुंच सकते थे और जमीन पर बड़े घर की जरूरत नहीं पड़ती थी।
बेहद खास है सुपरयॉट स्कैट
बताया जा रहा है कि चार्ल्स सिमोनी की सुपरयॉट 'स्कैट' करीब 233 फीट लंबी है, जिसे जर्मनी की एक प्रसिद्ध शिपबिल्डिंग कंपनी ने तैयार किया था। इसका डिजाइन पारंपरिक लग्जरी यॉट से बिल्कुल अलग रखा गया था। इसका बाहरी हिस्सा किसी सैन्य जहाज जैसा दिखाई देता है। रिपोर्ट में दावा किया गया है कि एक बार इसकी बनावट देखकर एक नौसैनिक जहाज ने इसे युद्धपोत समझ लिया था।
चार्ल्स सिमोनी ने क्या बताया?
चार्ल्स सिमोनी का कहना था कि सुपरयॉट पर रहने से उन्हें दुनिया के कई बड़े शहरों के बीचों-बीच डॉक करने का मौका मिलता था। उन्होंने एक इंटरव्यू में कहा था कि इस तरह उन्हें कई शहरों में ऐसी जगह ठहरने का अवसर मिला, जहां सामान्य लोगों के लिए घर खरीदना लगभग असंभव है। स्कैंडिनेवियाई देशों के कुछ शहरों में उनकी यॉट शाही महलों के पास तक खड़ी होती थी।
सुपरयॉट ने पूरा किया घर का काम
रिपोर्ट के अनुसार, सुपरयॉट उनके लिए केवल ट्रैवल करने का साधन नहीं थी, बल्कि वही उनका घर और ऑफिस भी थी। उसमें रहने, काम करने और यात्रा करने की सभी आधुनिक सुविधाएं मौजूद थीं। इसी वजह से उन्हें किसी एक राज्य में स्थायी घर रखने की जरूरत नहीं रही। हाल के कुछ सालों में टेक बिजनेस से जुड़े अरबपति टैक्स के कारण कैलिफोर्निया और न्यूयॉर्क छोड़कर फ्लोरिडा, टेक्सास और अन्य कम टैक्स वाले राज्यों में जाने लगे हैं। इसी बीच चार्ल्स सिमोनी की कई दशक पुरानी रणनीति एक बार फिर सुर्खियों में आ गई है।
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कौन हैं चार्ल्स सिमोनी?
चार्ल्स सिमोनी माइक्रोसॉफ्ट के शुरुआती कर्मचारियों में शामिल रहे हैं। उन्होंने 1981 में कंपनी जॉइन की थी और माइक्रोसॉफ्ट के एप्लिकेशन डिवीजन को लीड किया था। उनके नेतृत्व में विकसित तकनीकों ने आगे चलकर माइक्रोसॉफ्ट वर्ड, एक्सेल और ऑफिस सॉफ्टवेयर को दुनिया के सबसे लोकप्रिय प्रोडक्ट्स में शामिल किया। वह सिर्फ एक टेक लीडर नहीं हैं बल्कि उन्होंने अंतरिक्ष की भी यात्रा की है। वह दो बार अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष स्टेशन (ISS) की प्राइवेट यात्रा पर जाने वाले पहले यात्री बने।
