पंजाब के सरकारी बंगले में रहने को लेकर विवाद बहुत बढ़ गया है। राजस्थान की आम आदमी पार्टी (AAP) नेता गायत्री बिश्नोई इन दिनों पंजाब की राजनीति में एक बड़े विवाद का चेहरा बन चुकी हैं। पंजाब के भुलत्थ से कांग्रेस के विधायक सुखपाल सिंह खैरा के एक बयान के बाद शुरू हुआ विवाद सोशल मीडिया से निकलकर पुलिस और महिला आयोग तक पहुंच गया है। यह पूरा मामला चंडीगढ़ के एक सरकारी बंगले के कथित गलत इस्तेमाल के आरोपों से जुड़ा है।
सुखपाल खैरा ने एक बंगले में रहने को लेकर गायत्री पर हमला करते हुए उनके चरित्र पर सवाल उठा दिया। इसको लेकर गायत्री ने कहा है कि सुखपाल सिंह के खिलाफ वह कानून का सहारा लेंगी।
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पूरा मामला क्या है?
दोनों नेताओं के बीच हो रही बयानबाजी अब बहुत आगे निकल चुकी है। चंड़ीगढ़ के एक सरकारी बंगले में रहने को लेकर यह विवाद शुरू हुआ था। कांग्रेस विधायक सुखपाल सिंह ने प्रेस कॉन्फ्रेस कर आरोप लगाया कि चंडीगढ़ में पंजाब के कैबिनेट मंत्री डॉ. रवजोत सिंह के सरकारी आवास पर AAP नेता मनीष सिसोदिया का अनधिकृत कब्जा है। इसी पर बोलते हुए उन्होंने दावा किया कि उसी आवास में बाड़मेर की नेता गायत्री बिश्नोई भी रह रही हैं।
इसी पर पलटवार करते हुए गायत्री ने वीडियो मैसेज जारी कर इन सभी आरोपों को गलत बताया है। साथ ही उन्होंने कहा है कि वह विधायक के खिलाफ पुलिस में FIR दर्ज करेंगी। उन्होंने बताया कि पंजाब के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. बलवीर सिंह के सरकारी आवास पर रुकी हुई हैं। उनका कहना है कि वह अपने पिता के इलाज के लिए वहां आई हुई हैं। उन्होंने बताया कि उनके पिता को दिल की बीमारी है जिसका इलाज चंडीगढ़ में चल रहा है।
उनका कहना है कि मंत्री जी ने उन्हें मानवीय आधारों पर अपने सरकारी आवास पर रहने की इजाजत दी है। गायत्री ने आरोप लगाया है कि सुखपाल ने एक महिला की गरिमा और चरित्र को ठेस पहुंचाई है। उन्होंने कहा है कि वह विधायक के खिलाफ जरूरी कानूनी सहारा लेंगी। साथ ही उन्हें कोर्ट में घसीटने और जेल भिजवाने तक की बात कही है।
महिला आयोग तक पहुंचा मामला
गायत्री ने पंजाब पुलिस में सुखपाल सिंह के खिलाफ गरिमा को ठेस पहुंचाने और मानहानि केस में मामला दर्ज कराया है। पंजाब राज्य के महिला आयोग की अध्यक्ष राज लाली गिल ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कहा कि किसी भी महिला के चरित्र पर आपत्तिजनक टिप्पणी स्वीकार नहीं है। इन सब आरोपों पर सुखपाल सिंह का कहना है कि अगर कोई भी तथ्य गलत है तो इसका जवाब पार्टी नेतृत्व को देना चाहिए।
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कौन हैं गायत्री बिश्नोई?
राजस्थान के बाड़मेर जिले के भलीसर गांव की रहने वाली गायत्री ने जयपुर के महारानी कॉलेज से स्नातक और उसके बाद मीडिया में डिप्लोमा किया है। पत्रकारिता के बाद राजनीति में आईं गायत्री फिलहाल AAP राजस्थान महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष हैं। साथ ही उन्हें पंजाब में पार्टी की सह-प्रभारी की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है।
