महाराष्ट्र के मुंबई और पालघर जिलों में मौसम विभाग ने बहुत भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के अनुसार यहां बादल गरजने और बिजली चमकने के साथ ही 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चल सकती हैं। कल रात से लगातार हो रही भारी बारिश के कारण मुंबई शहर के कई इलाकों में बहुत ज्यादा पानी भर गया है। कई इलाकों की सड़कों, बस डिपो और रेलवे स्टेशनों पर जलजमाव की स्थिति के चलते लोगों को दिक्कत हो रही है और आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
मुंबई में मॉनसून अपनी सही तारीख 10 जून से करीब 13 दिन की देरी से पहुंचा है। मॉनसून के आने से लोगों को तेज गर्मी से राहत तो मिली है लेकिन पहली ही भारी बारिश ने लोगों की मुश्किलें बहुत बढ़ा दी हैं। नगर निगम के मुताबिक, बुधवार सुबह तक शहर के अलग-अलग इलाकों में बहुत तेज बारिश हुई है। सेंट्रल मुंबई के नायर अस्पताल के पास सबसे ज्यादा 78.96 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। इसके अलावा एनएम जोशी मार्ग-लोअर परेल में 78.4 मिलीमीटर और परेल टीटी में 72.63 मिलीमीटर बारिश हुई। वहीं पश्चिमी उपनगर के मलाड बस डिपो में 61.8 मिलीमीटर और पूर्वी उपनगर के मानखुर्द इलाके में 51.2 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है। इस तेज बारिश के वजह से मुख्य सड़कों पर गाड़ियां बहुत धीरे चल रही हैं और जाम लग गया है।
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बीएमसी की ओर से ऑरेंज अलर्ट
नगर निगम ने मुंबई, ठाणे, रायगढ़, पालघर और सिंधुदुर्ग जिलों के लिए ऑरेंज अलर्ट भी जारी किया है। इस अलर्ट में प्रशासन ने इन सभी जिलों में मध्यम से तेज बारिश होने की बात कही है। कल रात से लगातार हो रही इस भारी बारिश के कारण सिर्फ मुंबई शहर ही नहीं, बल्कि नवी मुंबई शहर के भी कई इलाकों में भारी पानी भर गया है। सड़कों पर हर तरफ पानी जमा होने से लोगों को आने-जाने में बहुत ज्यादा परेशानी हो रही है।
इस खराब स्थिति पर अपनी परेशानी बताते हुए वहां के एक रहने वाले व्यक्ति ने कहा, 'ज्यादा पानी को बाहर निकालने वाले सभी मैनहोल जाम हो चुके हैं। हमें कॉलेज पहुंचने में बहुत दिक्कत हो रही है, पानी बहुत भरा है, पूरा घुटनों तक भरा है और जितने भी टैक्सी जा रहे हैं सब कपड़े भिगा के जा रहे हैं पूरा।'
भारी बारिश और सड़कों पर बहुत ज्यादा पानी भरने को देखते हुए मुंबई के अंधेरी इलाके में बने एक अंडरपास को पूरी तरह से बंद कर दिया गया है। सबवे में पानी का स्तर इतना ज्यादा बढ़ गया कि वहां से गाड़ियों का निकलना बहुत खतरनाक हो गया था। किसी भी बड़े हादसे को रोकने के लिए प्रशासन ने तुरंत इस सबवे को बंद करने का फैसला लिया।
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बीएमसी अधिकारियों ने दी जानकारी
अंधेरी सबवे पर तैनात नगर निगम अधिकारी ऋतिक ने स्थिति की पूरी जानकारी देते हुए कहा, 'हम इस भारी पानी भरने की समस्या का कोई छोटा या कुछ समय का रास्ता नहीं ढूंढ पाए हैं। हमारे अधिकारी यहां लगातार खड़े रहते हैं ताकि गाड़ियां यहां से न निकलें। कुछ ऑटो वाले फिर भी अपनी गाड़ियों को पार कराने की कोशिश करते हैं। एक ऑटो सबवे के बिल्कुल बीच में फंस गया था। उसकी जान खतरे में थी। हमारे दो अधिकारियों ने उसे बाहर निकालने में मदद की।'
वहीं सबवे पर तैनात एक अन्य नगर निगम अधिकारी रॉबर्ट ने अपनी टीम के काम के बारे में बताते हुए कहा, 'हम पूरी कोशिश कर रहे हैं कि कोई भी गाड़ी इस अंडरपास के अंदर न जाने पाए। हम ज्यादा से ज्यादा लोगों को सुरक्षित रखने की कोशिश कर रहे हैं।'


