बिहार के अररिया जिले के गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक कॉलेज में रैगिंग का मामला सामने आया है, जहां एक सेकंड सेमेस्टर के छात्र पर सीनियर छात्रों ने जानलेवा हमला किया। पीड़ित छात्र को इस हमले में सिर और हाथ पर गंभीर चोटें आई हैं, वहीं उसके हाथ में फ्रैक्चर भी हो गया है। पीड़ित छात्र के पिता ने दावा कि करीब 50 से 60 लड़कों ने मिलकर डंडे, लोहे की रॉड और चाकू से हमला किया। इस मामले को लेकर पुलिस थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई जा चुकी है। पुलिस आरोपियों की तलाश में जुटी है।

 

यह मामला रामपुर के गवर्नमेंट पॉलिटेक्निक कॉलेज का है। कॉलेज के सामने ही एक लॉज में पीड़ित छात्र रहता है। आरोपों के मुताबिक बीते रात पीड़ित छात्र को लॉज के बाहर बुलाया गया। इसके बाद करीब 50 छात्रों ने मिलकर उसे पीटा। पीड़ित छात्र का नाम रौशन सिंह है। इस मामले को लेकर रौशन के पिता ने अहम जानकारी दी है। रौशन के पिता ने बताया कि रौशन पर हमला तब तक किया गया, जब तक वह बेहोश नहीं हो गया। साथ ही कॉलेज व्यवस्था पर आरोप लगाया कि यहां अक्सर रैगिंग होती रहती है। इस मामले में पुलिस जांच-पड़ताल में जुटी है, हालांकि अभी तक किसी भी आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया गया है।

 

यह भी पढ़ें: 'गंदगी फैलती है, बदबू आती है', विरोध के बाद नहीं दी बकरीद पर कुर्बानी की अनुमति

पीड़ित के पिता ने क्या कहा?

पीड़ित छात्र रौशन सिंह के पिता रविंद्र सिंह ने मामले को लेकर अहम बातें बताईं। रविंद्र सिंह ने कहा, 'दिन में पेपर के बाद हमारे बेटे की लास्ट ईयर के छात्रों से बहस हुई थी। रौशन के सीनियर्स की परीक्षा खत्म हो गई थी और वे बच्चे घर जाने वाले थे। हमारा बेटा कॉलेज के पास एक लॉज में रहता था, तो रात में उसके सीनियर्स प्लानिंग बनाकर लॉज के पास गए। लॉज के मालिक से उन्होंने कहा कि वे रौशन से माफी मांगने आए हैं। इसके बाद मकान मालिक ने रौशन को बुलाया।'

उन्होंने आगे कहा, 'रौशन जब लॉज के बाहर आया तो वे सीनियर्स माफी मांगने या सुलह करने के बजाय उसे पीटने लगे। 50 से 60 बच्चों ने मिलकर चाकू, छड़ और लोहे की रॉड से हमला किया। बेटे पर बुरी तरह जानलेवा हमला किया गया। उसे तब तक पीटते रहे, जब तक वह बेहोश नहीं हो गया।'

 

यह भी पढ़ें: यूपी में बनेगा वन डे गवर्नेंस सेंटर, एक दिन में बनेगा जन्म और मृत्यु प्रमाण पत्र

 

इसके बाद रविंद्र सिंह ने कहा, 'जब रौशन बेहोश होकर गिर गया तो उन लोगों को लगा होगा कि वह मर गया है। इस वजह से वे मौके से फरार हो गए।' इसके अलावा रौशन के पिता ने बताया कि कॉलेज में रैगिंग पहले भी होती रही है, हालांकि इस तरह का जानलेवा हमला पहली बार हुआ है।

 

पुलिस थाने में कराई रिपोर्ट दर्ज

इस घटना के बाद पीड़ित रौशन के पिता ने स्थानीय पुलिस थाने में आरोपियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। इस मामले को लेकर पुलिस अधिकारी सुशील कुमार ने कहा, 'कल थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई गई, जिसमें छात्र के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। पीड़ित छात्र अररिया गवर्नमेंट कॉलेज के सामने वाले लॉज में रहता था, जहां बाहर बुलाकर उसके साथ मारपीट की गई। यह मामला रैगिंग का लग रहा है। आरोपियों के खिलाफ उचित कार्रवाई की जाएगी।'

क्या कॉलेज में पहले भी हुई है रैगिंग?

इस मामले को लेकर कॉलेज के प्रिंसिपल ने कहा, 'इस मामले में 12 से 13 आरोपी छात्रों के बारे में हमें पता चला है। हालांकि इस हमले में 20 से 30 से ज्यादा फाइनल ईयर के छात्र शामिल थे, जो अभी फरार हैं। कॉलेज से जो संभव कार्रवाई हो सकती है, हम वह कर रहे हैं। रौशन के साथ जिन छात्रों को मारा गया है, उन्हीं बच्चों ने 12 से 13 आरोपी छात्रों की पहचान की है।'

 

 

यह भी पढ़ें: सेप्टिक टैंक में उतरे 6 लोगों की मौत, मुश्किल से बची एक की जान

 

उन्होंने आगे कहा, 'यह मामला डिसिप्लिनरी कमेटी के पास जा चुका है। हमने छात्रों से कहा है कि 26 मई तक अपना जवाब लिखकर दें, वरना डिसिप्लिनरी कमेटी अपना एक्शन लेगी।'इसके अलावा प्रिंसिपल अभिजीत ने कहा, 'पिछले 1 साल से ऐसी रैगिंग की घटना नहीं हुई है।'